भास्कर न्यूज | लुधियाना जहां एक ओर आज हमारे बच्चे पश्चिमी संस्कृति की ओर जाने अनजाने झुक रहे हैं, वहीं संत आशाराम बापू के साधक स्कूलों में जा-जा कर बच्चों को अपनी संस्कृति की ओर लौटने के लिए प्रेरित कर रहे हैं। बापू के साधक स्कूलों में जा कर सभी को 14 फरवरी को मातृ पितृ पूजन दिवस मनाने का आह्वान कर रहे हैं। बच्चों को विधिवत बताया जा रहा है कि कैसे वे अपने माता-पिता का पूजन कर, उनकी आज्ञाओं का पालन, सेवा कर अपने जीवन को धन्य कर सकते हैं। केवल लुधियाना में साधकों ने लगभग 30 स्कूल जैसे लिटिल चैम्प पब्लिक स्कूल, गुरु नानक पब्लिक स्कूल, राइजिंग स्टार मॉडल हाई स्कूल, टी आर गुप्ता पब्लिक स्कूल और बीजेएस पब्लिक स्कूल में ये कार्यक्रम किया। इसमें लगभग 15 से 20 हजार बच्चों तक ये संदेश पहुंचा। कार्यक्रम के बाद स्कूलों के प्रबंधकों, सभी धर्मों के अभिभावकों ने इस पहल का जोरदार स्वागत समर्थन किया।


