राजनांदगांव जिले में बिजली व्यवस्था को मजबूत करने के लिए मुख्यमंत्री विद्युत अधोसंरचना विकास योजना के तहत 5 करोड़ 19 लाख रुपए की स्वीकृति दी गई है। इस राशि से ग्रामीण क्षेत्रों में मौजूदा विद्युत उपकेंद्रों की क्षमता बढ़ाई जाएगी। इसका फायदा 30 हजार उपभोक्ताओं को मिलेगा। कार्यपालक निदेशक शिरीष शैलेट ने बताया कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर यह कार्य किया जा रहा है। जिले के अरसीटोला, खुज्जी, मुसराकला, मेढ़ा और चारभांटा में नए 3.15 एमवीए के पावर ट्रांसफॉर्मर लगाए जाएंगे। साथ ही मौजूदा ट्रांसफॉर्मर की क्षमता 3.15 से बढ़ाकर 5 एमवीए की जाएगी। दिघवाड़ी उपकेंद्र की क्षमता बढ़ी इस योजना के तहत मोहला उपसंभाग के दिघवाड़ी में 33/11 केवी उपकेंद्र में नया 3.15 एमवीए का अतिरिक्त पावर ट्रांसफॉर्मर स्थापित किया गया है। इससे दिघवाड़ी उपकेंद्र की क्षमता 4.75 से बढ़कर 6.30 एमवीए हो गई है। 30 हजार उपभोक्ताओं को फायदा इन सभी विकास कार्यों से जिले के करीब 30 हजार किसानों और उपभोक्ताओं को फायदा होगा। उन्हें निर्बाध रूप से उच्च गुणवत्ता की बिजली आपूर्ति मिल सकेगी। विशेषकर ग्रामीण इलाकों में वोल्टेज की समस्या दूर होगी। मोहला संभाग के कार्यपालन अभियंता अनिल कुमार रामटेके ने बताया कि दिघवाड़ी उपकेन्द्र में 1 करोड़ 30 लाख रूपए की लागत से स्थापित नये 3.15 एमव्हीए का अतिक्ति पॉवर ट्रांसफार्मर के ऊर्जीकरण से लगभग 32 ग्रामों के 2676 उपभोक्ताओं को उच्चगुणवत्ता की विद्युत सेवा का लाभ मिलेगा। इस कार्य को सफलतापूर्वक किये जाने पर राजनांदगांव क्षेत्र के कार्यपालक निदेशक शिरीष सेलट एवं अधीक्षण अभियंता एस. कंवर ने कार्यपालन अभियंता, ए के रामटेके, एम के साहू, ए.डी. टंडन, सहायक अभियंता एस पी ठाकुर, शिरीष मिलिंद और उनकी टीम को बधाई दी है।


