हाईकोर्ट ने तृतीय श्रेणी शिक्षक भर्ती-2021 में एकवर्षीय डिप्लोमा वालों के चयन पर रोक लगा दी है। यह आदेश जस्टिस अशोक कुमार जैन की अदालत ने मोहन सिंह की याचिका पर सुनवाई करते हुए दिए। इसके साथ ही अदालत ने मामले में राज्य सरकार व प्रारम्भिक शिक्षा निदेशक से जवाब मांगा है। अदालत ने दो वर्षीय बीएसटीसी वालों को ही तृतीय श्रेणी शिक्षक नियुक्ति के लिए पात्र माना है। अब इस मामले पर दो दिसंबर को सुनवाई होगी। याचिकाकर्ता की ओर से कहा गया कि तृतीय श्रेणी शिक्षक भर्ती-2021 के विज्ञापन में दो साल का प्रारम्भिक शिक्षा का डिप्लोमा वालों को ही नियुक्ति का पात्र माना। इसके बावजूद 14 नवम्बर को एकवर्षीय डिप्लोमा वाले 158 अभ्यर्थियों को पात्र मानते हुए नियुक्ति के लिए जिला आवंटित कर दिया। इसे रद्द किया जाना चाहिए। इससे पहले भी हाईकोर्ट ने एक मामले में आर्मी एज्युकेशन कार्पोरेशन ट्रेनिंग कॉलेज एवं सेंटर पंचमढ़ी, मध्यप्रदेश के एकवर्षीय डिप्लोमा को बीएसटीसी के समान नहीं माना, ऐसे में अपात्र को नियुक्ति नहीं दी जाए।


