ओरछा में बुधवार को रामविवाह के ड्यूटी पर तैनात पुलिसवाले ने पत्नी के साथ मंदिर से निकल रहे पटवारी की पिटाई कर दी। आरोप ही कि पुलिसवाला, पटवारी की पत्नी का वीडियो बना रहा था। पटवारी ने जब उसे मना किया तो उसने पिटाई कर दी। एसपी ने आरोपी सिपाही को लाइन अटैच कर दिया है। जानकारी के अनुसार मंगलवार 24 नवंबर को रामविवाह के दौरान पटवारी जलज मोहन तिवारी को भंडारा स्थल के निकास द्वार पर ड्यूटी लगाई गई थी। इसी दौरान उनकी पत्नी प्रसादी लेकर उनसे बात कर रही थीं तभी अंदर इंट्री को लेकर दोनों पक्षों के बीच में विवाद हो गया। इसी दौरान आरक्षक वीडियो बनाने लगा और पटवारी ने उसे वीडियो बनाने से रोका। आरक्षक ने मारा थप्पड़ पटवारी ने जब वीडियो बनाने से मना किया, तो आरक्षक ने गाली-गलौज की। पटवारी ने तहसीलदार से बात कराने को कहा, लेकिन आरक्षक ने फोन पर राजस्व अधिकारियों को गालियां देते हुए कॉल काट दिया। इसके बाद आरक्षक ने पटवारी को थप्पड़ मारकर मारपीट शुरू कर दी। साथी पटवारियों ने किसी तरह जलज मोहन तिवारी को बचाया। पटवारी संघ ने दी चेतावनी पटवारी संघ का आरोप है कि यह सब व्यक्तिगत द्वेष के कारण किया गया ताकि पटवारी संवर्ग को सार्वजनिक रूप से अपमानित किया जा सके। संघ ने चेतावनी दी है कि यदि आरोपी आरक्षक पर उचित धाराओं में एफआईआर दर्ज नहीं होती है, तो पूरे जिले के पटवारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे। घटना के बाद जिलाध्यक्ष भगवत सिंह दांगी ने कलेक्टर को पत्र भेजा है। पत्र में लिखा है कि अगर दो दिनों के भीतर एफआईआर दर्ज नहीं होती, तो निवाड़ी जिले के सभी पटवारी काम बंद कर अनिश्चितकालीन हड़ताल करने को मजबूर होंगे।


