छत्तीसगढ़ राज्य खाद्य आयोग के अध्यक्ष संदीप शर्मा के निरीक्षण के बाद अन्नपूर्णापारा की एक शासकीय उचित मूल्य दुकान के संचालक को निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई दुकान में गंभीर अनियमितताएं पाए जाने के बाद की गई। जिला खाद्य अधिकारी ने बताया कि 26 नवंबर 2025 को हुए निरीक्षण के दौरान दुकान बंद मिली। इसके अलावा, दुकान परिसर में अनिवार्य सूचना पटल, सामग्री वितरण पात्रता सूची, मूल्य सूची और टोल फ्री नंबर प्रदर्शित नहीं किए गए थे। दुकान के स्थल परिवर्तन की जानकारी भी पुराने स्थान पर नहीं दर्शाई गई थी। अनियमितताओं के कारण निलंबित मार्च 2024 में हुए भौतिक सत्यापन के दौरान खाद्यान्न कमी की राशि जमा कराने के लिए जारी पत्र का दुकान संचालक द्वारा कोई संतोषजनक उत्तर नहीं दिया गया था। इन सभी अनियमितताओं और लापरवाही को सार्वजनिक वितरण प्रणाली नियंत्रण आदेश 2016 की कंडिका 12.3 तथा 14 (1), (2) का स्पष्ट उल्लंघन माना गया है। यह आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 की धारा 3/7 के तहत दंडनीय अपराध की श्रेणी में आता है। उपरोक्त अनियमितताओं के आधार पर आयोग ने दुकान संचालक पर कड़ी कार्रवाई करते हुए दुकान को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के निर्देश दिए। इन निर्देशों का पालन करते हुए, उचित मूल्य दुकान को निलंबित कर दिया गया है और इसे अगले आदेश तक अस्थायी रूप से संगवारी महिला स्व-सहायता समूह, बरदेभाटा (आई.डी. 601001010) से संलग्न कर दिया गया है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि सार्वजनिक वितरण प्रणाली में किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। भविष्य में भी ऐसे मामलों पर कठोरता से कार्रवाई जारी रहेगी।


