अलवर जिला अस्पताल ने मरीजों को दी जाने वाली दवाओं पर अलग-अलग समय के निर्देश वाले स्टीकर लगाना शुरू किया है। इन स्टीकरों में सुबह, शाम, रात, दोपहर या खाली पेट जैसी जानकारी लिखी होती है, ताकि मरीज दवा का समय आसानी से समझ सकें। अस्पताल प्रशासन के अनुसार, कई मरीज दवा लेकर घर जाते समय डॉक्टर द्वारा बताए गए समय को भूल जाते हैं। कुछ मामलों में गलत समय पर दवा लेने से उनकी समस्या बढ़ जाती है और उन्हें दोबारा अस्पताल आना पड़ता है। इसी वजह से दवा पर स्पष्ट निर्देश देने की व्यवस्था शुरू की गई है। जिला अस्पताल के पीएमओ डॉ. सुनील चौहान ने कहा कि स्टीकर से मरीज को यह देखने में सुविधा होगी कि दवा किस समय लेनी है। उन्होंने यह भी कहा कि पढ़ने में असमर्थ मरीज भी किसी को दिखाकर दवा का समय पता कर सकते हैं। डीडीसी 4 स्टाफ पवन शर्मा ने बताया कि कई मरीजों को एक साथ कई दवाएं दी जाती हैं, और वे याद नहीं रख पाते कि कौन सी दवा किस समय लेनी है। इसी वजह से सभी दवाओं पर अलग-अलग निर्देश चिपकाकर दिए जा रहे हैं। अपनी मां के लिए दवा लेने आए अमर कौशिक ने कहा कि स्टीकर लगे होने से दवा का समय पहचानने में सुविधा रहती है। उनके अनुसार, पहले कई बार दवाइयां मिल जाने से समय तय करने में परेशानी होती थी


