बीकानेर के ठुकरियासर में एक झौपड़े में अचानक आग लग गई, जिससे अंदर रखा सारा सामान जलकर राख हो गया। देर रात हुए इस हादसे के वक्त झौपड़े में सात जने सो रहे थे। गनीमत रही कि समय रहते सभी ने भागकर अपनी जान बचा ली। क्षेत्र के गांव धोलिया की रोही में ठुकरियासर मार्ग पर किसान रामस्वरूप पुत्र रामुराम नायक की ढाणी में रात करीब 1 बजे बाद अचानक आग लगी। ढाणी में दो झोंपड़े बने थे और रामस्वरूप उनकी पत्नी व दो बच्चे, तथा उनकी माता व दो भतीजे झोंपड़ियों में सो रहे थे। आग की गर्मी से नींद खुली तो महिलाएं चिल्लाई और बच्चों को लेकर बाहर भागी। बच्चे-बड़े सभी ने यहां से निकलकर अपनी जान बचाई। अंदर रखा सारा सामान जल गया। झौपड़ी में जल रहा था दीपक रामस्वरूप ने बताया कि बारानी खेत में बिजली कनेक्शन तो नहीं है। बस एक दीपक जल रहा था, उससे या चूल्हे की चिंगारी से आग लगी होगी। परिवार ने मिट्टी डालकर आग बुझाने के नाकाम प्रयास किए परंतु आग दोनों झोंपड़ों को राख करने के बाद ही शांत हुई। दो पहले ही बेची थी ग्वार घटना से परिवार बुरी तरह से मायूस हुआ और आहत रामस्वरूप ने बताया दो दिन पहले ही ग्वार बेचकर 10 हजार का राशन का सामान लेकर ढाणी में रखा था। इसके अतिरिक्त 7 हजार नगदी, 7-8 हजार नगदी, ग्वार, तिल, बाजरा, कपड़े, बिस्तर, बर्तन, जूते चप्पल तक जलकर राख हो गए।


