वर्ल्ड हेरिटेज रणथम्भौर दुर्ग में बाघ, बाघिन और शावकों के आने का सिलसिला थम नहीं दे रहा है। हालांकि पिछली बार मानव बाघ संघर्ष के बाद वन विभाग की ओर से दो शावकों को रणथंभौर से बाहर भेज दिया था। इसके बाद अब एक बार फिर बाघिन रिद्धि के एक शावक ने रणथम्भौर दुर्ग में दस्तक दी है, इसके कारण लोगों में भय का माहौल है। नौलखा गेट पर नजर आया शावक, श्रद्धालु हुए भयभीत रणथम्भौर नेशनल पार्क के जोगी महल गेट के सामने त्रिनेत्र गणेश मंदिर जाने वाली सीढ़ियों के पास स्थित नौलखा गेट पर शाम करीब 5 बजे बाघिन रिद्धि का शावक नजर आया। इस दौरान गणेश मंदिर से लौट रहे श्रद्धालु शावक को देख भयभीत हो गए। इस दौरान कुछ श्रद्धालुओं ने शावक के मूवमेंट को अपने कैमरे में कैमरे कैद कर लिया। फिलहाल रणथम्भौर दुर्ग में अचानक से शावक के दिखाई देने से श्रद्धालुओं में भय का माहौल है। शावक के मूवमेंट से अनहोनी की आशंका बनी हुई है। बता दें कि इससे पहले रणथम्भौर दुर्ग में 6 महीने पहले शेरपुर निवासी राधेश्याम माली की बाघ के हमले से मौत हो गई थी। राधेश्याम माली रणथम्भौर दुर्ग स्थित जैन मंदिर में चौकीदार का काम करता है। इसके बाद अब फिर से यहां टाइगर मूवमेंट ने सभी को आशंकित कर दिया है। ये खबर भी पढ़िए
रणथम्भौर में बाघ ने चौकीदार को मार डाला:जांघ का हिस्सा खा गया, गर्दन पर दांतों के निशान मिले, पुलिस से ग्रामीणों की झड़प रणथम्भौर फोर्ट में आज (सोमवार) सुबह बाघ ने चौकीदार को मार डाला। उनकी पहचान शेरपुर निवासी राधेश्याम सैनी (60) के रूप में हुई है। राधेश्याम पिछले 20 साल से रणथम्भौर फोर्ट स्थित जैन मंदिर में चौकीदार के रूप में सेवाएं दे रहे थे। पूरी खबर पढ़िए


