नीमच के जीरन थाना क्षेत्र अंतर्गत फोफलिया और हरवार के बीच हुए सड़क हादसे में पति कारूलाल सेन की मौत के बाद अब मंगलवार को उनकी पत्नी रेखाबाई सेन ने भी इलाज के दौरान दम तोड़ दिया है। इस घटना के बाद उनके दो छोटे बच्चे अनाथ हो गए हैं। दरअसल, एक कार चालक ने बाइक सवार कारूलाल सेन और उनकी पत्नी रेखाबाई सेन को टक्कर मार दी थी। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों 30 से 35 फीट तक घसीटते चले गए और गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के तुरंत बाद कारूलाल सेन की मौत हो गई थी। इलाज के दौरान हुई पत्नी की मौत रेखाबाई सेन को गंभीर हालत में अहमदाबाद रेफर किया गया था, जहां उनका लंबा इलाज चला। हालांकि, उपचार के बाद वे घर पर थीं, लेकिन मंगलवार सुबह उन्होंने दम तोड़ दिया। परिजन उन्हें नीमच जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां शव का पोस्टमॉर्टम करवाने के बाद मंगलवार दोपहर में परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस ने मर्ग कायम कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। परिजन कलेक्टर कार्यालय में मृतक का केशव को लेकर पहुंचे और आर्थिक सहायता की मांग की है। एसडीएम संजीव साहू ने परिजनों को समझाइश देकर मौके से रवाना किया है। सरकार से बच्चों को आर्थिक सहायता देने की मांग पीड़ित परिवार ने मांग की है कि मृतक कारूलाल सेन और रेखाबाई सेन के दो छोटे बच्चे हैं, जिनके पालन-पोषण के लिए अब कोई नहीं है। उनके भविष्य को देखते हुए सरकार द्वारा आर्थिक सहायता देने की मांग की है। दरअसल, कारूलाल सेन की मौत के बाद जीरन पुलिस पर निष्क्रियता के आरोप लगाते हुए परिजनों ने बीते दिनों रेवली देवली में चक्का जाम किया था। यह चक्का जाम करीब ढाई घंटे चला था, जिसके बाद पुलिस ने टक्कर मारने वाले कार चालक बलराम पिता राजेश पाटीदार निवासी पानमोडी, थाना रटाजना को गिरफ्तार किया था। आरोपी चित्तौड़गढ़ जिले में वन विभाग में पदस्थ बताया जा रहा है।


