जबलपुर में बाघ बचाओ प्रीमियर लीग का आयोजन सदर शिवाजी मैदान में किया जा रहा है। वन मंडल ने बाघों के संरक्षण, वन सुरक्षा और बाघ-मानव के बीच होने वाले संघर्ष की रोकथाम तथा वनों की सुरक्षा के प्रति जागरूकता लाने के लिए यह पहल की है। इसमें शामिल प्रतिभागियों और दर्शकों को भी वन एवं बाघों की संरक्षण की शपथ दिलाई गई। वनों एवं बाघों की सुरक्षा के लिए शुरू की गई पहल मुख्य वन संरक्षक कमल अरोरा एवं डीएफओ ऋषि मिश्रा ने बताया कि देश में पहली बार जबलपुर वनमंडल के अंतर्गत इस तरह का आयोजन हुआ है। शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्र के युवाओं को वन सुरक्षा, बाघ संरक्षण की मुहिम में जोड़ने के लिए खेलों से अच्छा कोई माध्यम नहीं हो सकता। इसलिए लीग को बाघ बचाओ प्रीमियर लीग का नाम दिया है। क्रिकेट के खेल के जरिए लोगों को वन्य प्राणियों की सुरक्षा से संबंधित जानकारियां भी प्रदान की जाएगी ताकि वह वनों और वन्य प्राणियों के संरक्षण के लिए वन विभाग के सहभागी बन सकें। संयुक्त वन प्रबंधन समिति की टीमों ने लिया हिस्सा बाघ बचाओ प्रीमियर लीग में संयुक्त वन प्रबंधन समितियां की टीमों ने हिस्सा लिया है। डीएफओ ऋषि मिश्रा ने बताया कि इसमें 8 टीम शामिल हैं। संयुक्त वन प्रबंधन समितियां बनाई हैं और इनका कार्य आम जनों को वनों की सुरक्षा के प्रति जागरूक करना है। ये टीमें इस खेल का हिस्सा बनकर हम लोगों को जागरूक करने का काम करेगी। 14 दिसंबर को प्रतियोगिता का समापन जबलपुर वन मंडल द्वारा आयोजित दो दिवसीय इस प्रतियोगिता का समापन 14 दिसंबर को किया जाएगा और इसमें विजेता टीमों को पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे साथ ही वनों एवं बाघों की सुरक्षा के लिए लोगों को शपथ भी दिलाई जाएगी।


