शिक्षा मंत्री मदन दिलावर ने कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा के लिए कहा है कि अब उनकी लूटपाट और भ्रष्टाचार का दरवाजा बंद हो गया है। इसकी वजह से वह परेशान चल रहे हैं। यही कारण है कि वह इस तरह के बेतुके के बयान दे रहे हैं। दरअसल, कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष ने अंग्रेजी मीडियम स्कूलों का रिव्यू करवाने के फैसले पर सरकार पर सवाल उठाए थे। शिक्षा मंत्री ने कहा- डोटासरा इन दिनों बहुत ज्यादा परेशान और टेंशन में हैं। उनके परिवार वाले भी अब उन्हें बहुत परेशान करने लगे हैं। क्योंकि पहले जिस तरह वह चोरी और डिपार्टमेंट में लूट का पैसा लाते थे, वह अब उन्हें नहीं मिल पा रहा है। इस वजह से वह बिना बात आरोप लगा रहे हैं। उछल कूद कर रहे हैं कि राजस्थान में भारतीय जनता पार्टी की सरकार कुछ नहीं कर रही है। कांग्रेस ने नहीं खोला एक भी इंग्लिश मीडियम स्कूल दिलावर ने कहा- मैं डोटासरा जी से पूछना चाहता हूं क्या इंग्लिश मीडियम स्कूल आपने खोले भी थे। यह एक बहुत बड़ा झूठा है, जो आपके द्वारा बोला गया है। क्योंकि आपने इंग्लिश मीडियम स्कूल नहीं खोले। हिंदी मीडियम स्कूलों पर इंग्लिश मीडियम के बोर्ड लटकाने का काम किया था। कुछ स्थानों पर तो हिंदी और इंग्लिश मीडियम स्कूल एक ही थे। वहां कैसे कोई बच्चा इंग्लिश मीडियम शिक्षा हासिल कर सकता था। दिलावर का दवा- लाखों बच्चों की पढ़ाई का नुकसान हुआ उन्होंने कहा- इंग्लिश मीडियम स्कूलों के नाम पर गोविंद सिंह डोटासरा ने सिर्फ लूटपाट का एक दरवाजा खोला था। अब उनसे रहा नहीं जा रहा है। इसलिए वह चिंता कर रहे हैं। कांग्रेस के नेताओं ने राजस्थान के बच्चों का बहुत ज्यादा बुरा किया है। इंग्लिश मीडियम स्कूलों में हिंदी मीडियम के टीचर भेज दिए। जिन्हें इंग्लिश की जानकारी भी नहीं थी। क्योंकि वह टीचर तो हिंदी मीडियम में पढ़ाने वाले थे। इस वजह से हिंदी मीडियम स्कूल भी काफी पीछे रह गए। वहां पर टीचर की कमी हो गई। कांग्रेस सरकार की वजह से राजस्थान के लाखों बच्चों की पढ़ाई का नुकसान हुआ। मुझे लगता है, भगवान उन्हें किसी भी कीमत पर माफ नहीं करेगा। उन्होंने छोटे बच्चों के साथ अन्याय किया है। जैसे मछली को पानी से बाहर निकलने पर तड़पन होती है। वैसे ही तड़पन अब आपको हो रही है। डोटासरा ने लगाए थे आरोप डोटासरा ने पिछले दिनों कहा था- अंग्रेजी स्कूलों का रिव्यू करने वाली कमेटी में डिप्टी सीएम प्रेमचंद बैरवा को संयोजक बनाया गया है, उन्हें जिलों की कमेटी का भी संयोजक बनाया था और उन्हें बीच में हटाया गया था। दावे के साथ कह रहा हूं कि उपमुख्यमंत्री को इस कमेटी से भी बीच में भागना पड़ेगा। इसीलिए भागना पड़ेगा, क्योंकि उनके विधानसभा क्षेत्र में 59 अंग्रेजी मीडियम स्कूल चल रहे हैं। कमेटी के मेंबर खाद्य मंत्री सुमित गोदारा जब विपक्ष में थे और मैं शिक्षा मंत्री था, तब उन्होंने लिख कर दिया था कि मेरे इलाके में एक इंग्लिश मीडियम स्कूल खोलो। उन्होंने कहा था कि शिक्षा विभाग तो यू-टर्न महकमा बन गया है। शिक्षा मंत्री की एक भी ऐसी घोषणा बता दीजिए जिसे पूरा किया हो और उससे यू-टर्न नहीं लिया हो। नए साल में शिक्षा मंत्री सुधर जाए, शिक्षा मंत्री की कुर्सी पर ग्रहण लगा हुआ है। शिक्षा मंत्री, आपकी कुर्सी जा रही है, उसको कैसे बचाया जाए उसकी समीक्षा करनी चाहिए। जिसकी समीक्षा करनी चाहिए वह तो नहीं कर रहे हैं।


