बैतूल जिले के बोरदेही थाना क्षेत्र के इटावा गांव में 62 वर्षीय निरंजन साहू साइबर ठगी का शिकार हो गए। उनके बैंक खाते से लगभग 3.75 लाख रुपए निकाल लिए गए। बुधवार को पीड़ित ने इस संबंध में पुलिस अधीक्षक को लिखित शिकायत दी है और ठगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। ये है पूरा मामला निरंजन साहू का बैंक ऑफ महाराष्ट्र, बोरदेही शाखा में खाता है और वे अपने मोबाइल नंबर से फोन-पे ऐप का इस्तेमाल करते हैं। 23 नवंबर 2025 की शाम को उनके वॉट्सऐप पर आरटीओ विभाग के नाम से एक संदिग्ध मैसेज आया, जिसमें एक लिंक शामिल था। जैसे ही उन्होंने उस लिंक पर क्लिक किया, उनके बैंक खाते से पैसे कटना शुरू हो गए। कुछ ही मिनटों में यूपीआई लेनदेन के माध्यम से कुल 3,75,000 रुपए निकाल लिए गए। यह घटना रविवार को हुई, जिसके कारण पीड़ित तुरंत बैंकिंग सहायता प्राप्त नहीं कर सके। एसपी कार्यालय में की शिकायत खाते से बड़ी रकम निकलने की जानकारी मिलने पर उन्होंने तत्काल बैंक स्टेटमेंट निकलवाया और पुलिस अधीक्षक कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने इस साइबर ठगी की वारदात की जांच शुरू कर दी है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि इतनी बड़ी राशि यूपीआई के माध्यम से किस प्रकार और किस खाते में ट्रांसफर की गई। पीड़ित ने ठगों की पहचान कर उनकी राशि वापस दिलाने की मांग की है। उन्होंने आवेदन के साथ बैंक स्टेटमेंट और अन्य संबंधित दस्तावेज भी पुलिस को सौंपे हैं। जिले में बढ़ते साइबर अपराधों के मद्देनजर पुलिस ने नागरिकों को जागरूक रहने की सलाह दी है। अधिकारियों ने कहा है कि किसी भी संदिग्ध लिंक, कॉल या मैसेज पर भरोसा न करें, क्योंकि साइबर ठग विभिन्न तरीकों से लोगों को अपने जाल में फंसा रहे हैं। इस घटना ने ग्रामीण इलाकों में साइबर सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है। पीड़ित बुजुर्ग को अपनी मेहनत की कमाई वापस मिलने और न्याय की उम्मीद है।


