11 कानूनों में सजा खत्म कर सिर्फ जुर्माने का प्रावधान:भर्तियों में वेटिंग लिस्ट 1 साल मान्य, अनुकंपा नियुक्ति के आवेदन का समय छह माह बढ़ा

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में बुधवार को हुई कैबिनेट की बैठक में भर्तियों की वेटिंग लिस्ट एक साल तक मान्य करने, अनुकंपा नियुक्ति के लिए आवेदन का समय एक साल करने, 11 कानूनों में जेल के बजाए केवल आर्थिक जुर्माना का प्रावधान और प्रदेश में धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने सहित कई बड़े फैसले लिए गए। फैसले के अनुसार, मृतक सरकारी कर्मचारी के आश्रित को अनुकम्पा नियुक्ति के लिए 90 दिन में आवेदन करना होता है। अब इसे 180 दिन कर दिया गया है। इधर, अब प्रतियोगी परीक्षाओं के अभ्यर्थियों के नामों की अनुशंसा 6 माह के स्थान पर एक वर्ष के भीतर की जा सकेगी। इसके अलावा कैबिनेट ने ईज ऑफ लिविंग और ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा देने के लिए राजस्थान जन विश्वास (उपबंधों का संशोधन) अध्यादेश- 2025 लाने, प्रवासी राजस्थानियों के योगदान और जुड़ाव को बढ़ाने के लिए प्रवासी राजस्थानी नीति-2025, छोटे व्यापारियों के लिए राजस्थान ट्रेड प्रमोशन पॉलिसी और पर्यटन में निवेश को बढ़ावा देने के लिए राजस्थान पर्यटन नीति के अनुमोदन का फैसला किया। प्रवासी राजस्थानियों के लिए ‘सुपर इकोसिस्टम’ नॉन-रेजिडेंट राजस्थानी पॉलिसी ऑफ राजस्थान 2025 के तहत निवेश प्रक्रियाओं के तालमेल के लिए एनआरआर इन्वेस्टमेंट फेसिलिटेशन सेल बनेगा। राजस्थान फाउंडेशन चैप्टर्स में इन्वेस्टमेंट कॉर्डिनेटर नियुक्त किए जाएंगे। प्रवासियों के लिए ग्लोबल यूथ कनेक्ट, सेलिब्रेट राजस्थान, डायस्पोरा फॉर डवलपमेंट जैसे नवाचार होंगे। 11 कानूनों में जेल की सज़ा खत्म कर सिर्फ़ जुर्माना कैबिनेट ने 11 कानूनों में सज़ा खत्म कर सिर्फ़ जुर्माने का प्रावधान किया है। पहले वन भूमि में मवेशी चराने पर 6 माह कारावास या 500 रुपए जुर्माने का प्रावधान था। अब जुर्माना ही लगेगा। पेड़ काटने पर जुर्माना बढ़ाकर एक हजार रुपए किया गया है। बहीखाते, खाते या अन्य दस्तावेज निरीक्षण के लिए पेश न करने पर अब अर्थदण्ड ही लगेगा। छोटे व्यापारियों के लिए ई मार्केट का रास्ता खुलेगा छोटे व्यापारियों के लिए बड़े ट्रेड, लॉजिस्टिक नेटवर्क और ‘ई-मार्केट’ का मौका देते हुए बैठक में ट्रेड प्रमोशन पॉलिसी-2025 को मंजूरी दी गई है। इस पॉलिसी से 10.5 लाख रिटेल स्टोर्स व बाजार को देखते हुए छोटे ट्रेडर्स को बाजार व लोन आसानी से देने के रास्ते खुलेंगे। छोटे व्यापारियों को लोन पर सब्सिडी मिलेगी। प्रदेश में धार्मिक पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा राजस्थान पर्यटन नीति-2025 में धार्मिक पर्यटन मार्गों का विकास, वन व धार्मिक क्षेत्रों के आसपास पर्यटन हब विकसित करने, शौर्य सर्किट, बर्ड-वॉचिंग सर्किट, प्रोजेक्शन मैपिंग व लाइट-साउंड शो, प्रीपेड टैक्सी बूथ, ई-व्हीकल टूर, राजस्थान ट्रेवल कार्ड, होम-स्टे एवं पेइंग गेस्ट सुविधाओं को बढ़ावा देने के प्रावधान किए गए हैं। पर्यटन सुरक्षा को मजबूत करने के लिए कॉल सेंटर, टूरिस्ट असिस्टेंस फोर्स, पैनिक बटन आधारित सुरक्षा प्रणाली, सीसीटीवी और फीडबैक सिस्टम भी पॉलिसी में शामिल किए गए है।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *