लखनऊ के छोटे इमामबाड़ा में पाकिस्तान के खिलाफ प्रदर्शन किया गया। मौलाना सैफ अब्बास ने पाकिस्तान का जमकर विरोध किया। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान में अल्पसंख्यक समुदाय पर पिछले 30 सालों से हमला हो रहा है। शिया, हिन्दू और सिख समुदाय को जमकर निशाना बनाया जा रहा है। पाराचीनर में खुलेआम हत्याएं हो रही हैं। मौलाना ने कहा कि विगत कई महीनों से पाकिस्तान में निर्दोष अल्पसंख्यकों की लगातार हत्या हो रही है। धर्म परिवर्तन करवाया जा रहा है और धार्मिक स्थलों को नुकसान पहुंचाया गया। ये बात बिल्कुल स्पष्ट है कि आतंकवाद की जड़ें पाकिस्तान में है। क्यों नहीं तमाम देश एकजुट होकर पाकिस्तान के खिलाफ कार्रवाई कर रहे हैं। UN बिल्कुल लाचार नजर आ रहा है। जब सभी देशों के लोगों ने यह स्वीकार कर लिया कि पाकिस्तान आतंकवादी मुल्क है तो वहां से क्यों नहीं अपनी एंबेसी के लोगों को वापस बुलाते हैं। मौलाना ने कहा कि पाकिस्तान के शिया धर्मगुरुओं ने शांतिपूर्ण तरीके से धरना दिया। प्रदर्शन कर रहे लोगों पर पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े और लाठियां बरसाई। इसमें कई उलमा को गंभीर चोट आई और 2 लोगों की मौत हो गई। यह बेहद अफसोस नाक है कि शांति का संदेश देने वालों को जमकर पीटा जा रहा है। आतंकी कृत्य करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने की पाकिस्तान सरकार की हिम्मत नहीं हो रही है। अब तक सैकड़ों बेगुनाहों का खून बहाया जा चुका है और पूरा विश्व खामोश है। मौलाना ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस मामले को गंभीरता से लें। भारत सरकार इसमें हस्तक्षेप करते हुए पाकिस्तान के विरुद्ध सख्त कार्रवाई करे। भारत एक अमन पसंद मुल्क है और हमेशा इसने पीड़ितों की सहायता किया है। इस मुश्किल घड़ी में भारत को पाकिस्तान के शिया और अल्पसंख्यकों की सहायता करनी चाहिए।


