भास्कर न्यूज | कवर्धा ग्राम पंडरीपानी स्थित आदिवासी बालक आश्रम में बच्चों की सुरक्षा पर सवाल खड़े हो रहे हैं। पिछले दिनों आश्रम परिसर में बच्चों को जमीन पर बैठाकर भोजन कराया गया। वहीं कुछेक बच्चों के धूम्रपान करते वीडियो सामने आई थी। इसे 30 नवंबर को दैनिक भास्कर में प्रमुखता से प्रकाशित किया था। लेकिन इस गंभीर लापरवाही में मुख्य जिम्मेदार अधीक्षक मोतीलाल परस्ते पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके उलट, रात में ड्यूटी करने वाले चौकीदार गौतम बोरिया को ही निलंबित कर दिया गया। सवाल यह उठता है कि जब घटना दिन में हुई और अधीक्षक खुद मौके पर मौजूद थे तो रात्रिकालीन चौकीदार को क्यों जिम्मेदार ठहराया गया? दरअसल, इस सवाल का जवाब 24 नवंबर के उस पत्र में है, जिसमें चौकीदार गौतम ने अपने साथ हुए दुर्व्यवहार की शिकायत पंडरिया विधायक से की थी। विधायक को दिए आवेदन में चौकीदार ने बताया कि था अधीक्षक और उसका भतीजा उसके साथ गाली-गलौज करता है। विभागीय जांच टीम बनाई पर रिपोर्ट का पता नहीं आदिवासी बालक आश्रम में बच्चों के जमीन पर बैठकर भोजन करने व धूम्रपान की वीडियो सामने आई थी। इसकी जांच को लेकर विभागीय टीम बनाई गई। जांच के लिए टीम आश्रम भी गई थी, लेकिन रिपोर्ट का पता नहीं है। इस बीन रात्रिकालीन चौकीदार गौतम को काम से निकाल दिए, लेकिन अधीक्षक बिन कार्रवाई के बच गए।


