भिंड जिले के सुरपुरा थाना क्षेत्र में हुए चर्चित पेशाब कांड में बड़ा अपडेट आया है। ग्वालियर हाई कोर्ट ने मामले के एक आरोपी छोटू उर्फ ब्रजमोहन ओझा को जमानत दे दी है। कोर्ट ने माना कि SC/ST एक्ट को छोड़कर बाकी धाराएं जमानती हैं और शिकायतकर्ता को लगी चोटें साधारण प्रकृति की हैं। बता दें कि इस घटना के बाद जिले भर में भीम आर्मी और समाज के लोगों ने भारी विरोध प्रदर्शन किया था। मामला 20 अक्टूबर 2025 की रात का है। फरियादी ज्ञान सिंह जाटव ने शिकायत दर्ज कराई थी कि ग्वालियर के दीनदयाल नगर से सोनू बरुआ, आलोक शर्मा और छोटू ओझा ने उसे जबरन उठाया और सुरपुरा क्षेत्र में ले गए। वहां उसके साथ मारपीट की गई और अमानवीय व्यवहार करते हुए पेशाब पिलाई गई। कोर्ट ने दी जमानत, ये शर्तें लगाईं
वरिष्ठ अधिवक्ता अनिल मिश्रा ने आरोपी छोटू ओझा की पैरवी की। हाई कोर्ट ने जमानत मंजूर करते हुए कहा कि ट्रायल पूरा होने में समय लगने की संभावना है। कोर्ट ने शर्तें रखी हैं कि दूसरे आरोपी की अर्जी हो चुकी है खारिज
पुलिस ने इस मामले में अपराध क्रमांक 63/2025 दर्ज कर SC/ST एक्ट और BNS की गंभीर धाराएं लगाई थीं। इसी प्रकरण में एक अन्य आरोपी आलोक शर्मा की जमानत याचिका हाई कोर्ट पहले ही खारिज कर चुका है। लेकिन अब छोटू ओझा को राहत मिल गई है। थाने का हुआ था घेराव
घटना सामने आने के बाद भीम आर्मी और जाटव समाज में आक्रोश फैल गया था। भीम आर्मी के पदाधिकारियों ने थाने का घेराव कर तीनों आरोपियों को पुलिस के हवाले किया था। पुलिस ने दबाव के बीच तत्काल कार्रवाई की थी।


