करोड़ों रुपए के फर्जीवाड़े कर लंबे समय से फरार चल रहे खनन माफिया अमित खंपरिया आखिरकार पुलिस गिरफ्त में आ ही गया। जबलपुर पुलिस ने नागपुर से उसे उस दौरान गिरफ्तार किया, जब वह पिता और भतीजी के साथ किराए का अपार्टमेंट लेकर रह रहा था। शनिवार को जबलपुर पुलिस उसे गिरफ्तार करने के बाद लेकर पहुंच रही है। अमित के पिता अनिरुद्ध चतुर्वेदी के खिलाफ भी मंडला पुलिस ने धोखाधड़ी के मामले पर कार्रवाई करते हुए उसे भी नागपुर से पकड़ा है। अमित के खिलाफ पुलिस ने 90 हजार रुपए इनाम की घोषित की थी। जबकि एक निजी आवेदक ने उसकी गिरफ्तारी होने पर 50 हजार रुपए इनाम देने की घोषणा की थी। अमित खंपरिया ने एमपी और यूपी के कई बड़े व्यापारियों से इन्वेस्टमेंट के नाम पर करोड़ों रुपए लिए और फिर उसे हड़प लिया। दरअसल लंबे समय से फरार चल रहे खनन माफिया अमित खंपरिया की गिरफ्तारी को लेकर क्राइम ब्रांच सहित संजीवनी नगर,मदनमहल थाना पुलिस लगातार उसकी तलाश में जुटी हई थी। जबलपुर रेंज के आईजी ने उस पर 60 हजार जबकि बालाघाट आईजी ने 30 हजार रुपए का इनाम घोषित किया था। फरार अमित खंपरिया के खिलाफ थाना संजीवनी नगर में 2022 में हुए अपराध के बाद धारा 420, 406, 386, 294, 323, 506 एससी एसटी तथा थाना मदनमहल धारा 420, 406, 467, 468, 471, 474, 112, 120 बी, 109, 204 के प्रकरण में फरार घोषित किया हैं। आरोपी को गिरफ्तार करने वाले या सूचना देने वाले को संजीवनी नगर के दोनों प्रकरणों में 15 हजार रुपए एवं थाना मदन महल के प्रकरण में 15 हजार रुपए के नगद पुरस्कार से पुरस्कृत करने की घोषणा पुलिस उप महानिरीक्षक जबलपुर रेंज अतुल सिंह ने की थी। अमित खंपरिया पिता अनिरुद्ध खंपरिया निवासी दुर्गा कॉलोनी संजीवनी नगर पर उद्घोषित इनाम राशि में बढ़ाने के लिए महानिरीक्षक जबलपुर प्रमोद वर्मा को भेजा और उस पर 30 हजार रुपए के नकद पुरस्कार की उद्घोषणा की गई है। इनाम की घोषणाएं अमित खंपरिया पर दर्ज है 18 मामले धोखाधड़ी के मामले मे मंडला पुलिस ने अमित खंपरिया के पिता अनिरुद्ध चतुर्वेदी को नागपुर से गिरफ्तार किया है। अनिरुद्ध के खिलाफ धोखाधड़ी के कई मामले दर्ज है। जिस पर बेटे अमित के साथ वह भी फरार चल रहा था।


