बुरहानपुर के नेपानगर में दशकों से चली आ रही कृषि उपज उपमंडी की मांग को लेकर मंगलवार को नई उम्मीद जगी। बुरहानपुर कृषि उपज मंडी के सचिव भूपेंद्र सिंह सोलंकी ने नगर पालिका उपाध्यक्ष प्रतिनिधि प्रवीण काटकर और इंजीनियरों की टीम के साथ भातखेड़ा रोड स्थित गजानंद मंदिर के पास जमीन का निरीक्षण किया। यह जमीन उपमंडी के लिए उपयुक्त बताई जा रही है। उपमंडी न होने के कारण क्षेत्र को हर साल लाखों रुपए का राजस्व घाटा उठाना पड़ता है। किसानों को अपनी उपज या तो कम दामों पर बेचनी पड़ती है या फिर खंडवा या बुरहानपुर की मंडियों तक ले जाने के लिए अतिरिक्त परिवहन लागत वहन करनी पड़ती है। खेत से सीधे माल खरीदने पर भी व्यापारियों द्वारा कम दाम दिए जाते हैं, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान होता है। स्थानीय नेताओं और विधायक ने उठाई मांग इस मुद्दे को लेकर नेपानगर नगर पालिका उपाध्यक्ष सरला प्रवीण काटकर ने हाल ही में कलेक्टर को पत्र लिखा था। नेपानगर विधायक मंजू दादू ने भी मामले का संज्ञान लिया और मंडी सचिव से चर्चा कर उन्हें निरीक्षण के लिए नेपानगर भेजा। निरीक्षण में 4 हेक्टेयर जमीन उपयुक्त पाई गई मंडी सचिव भूपेंद्र सिंह सोलंकी, उपाध्यक्ष प्रतिनिधि प्रवीण काटकर और मंडी के इंजीनियरों ने संयुक्त रूप से भातखेड़ा रोड स्थित गजानंद मंदिर के पास जमीन का मुआयना किया। उपाध्यक्ष प्रतिनिधि ने बताया कि निरीक्षण में 4 हेक्टेयर जमीन उपमंडी के लिए उपयुक्त प्रतीत हुई। मंडी सचिव ने बताया कि खसरा नंबर 1 से 5 और 7 के कुल 4.89 हेक्टेयर रकबे में से 4 हेक्टेयर जमीन उपमंडी के लिए मांगी जा रही है। निरीक्षण के बाद वरिष्ठ अधिकारियों से चर्चा कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।


