बुरहानपुर में ऑनलाइन धोखाधड़ी का एक मामला सामने आया है, जिसमें एक व्यक्ति ने ₹19,800 गंवा दिए थे। साइबर सेल ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पीड़ित के बैंक खाते में पूरी राशि सफलतापूर्वक वापस करा दी है। यह धोखाधड़ी एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा स्वयं को परिचित बताकर और विभिन्न बहानों से विश्वास में लेकर की गई थी। राजपुरा थाना कोतवाली निवासी नोमान शेख ने बुरहानपुर साइबर सेल में शिकायत दर्ज कराई। नोमान, जो एक ऑनलाइन कियोस्क का संचालन करते हैं, को एक ठग का फोन आया। ठग ने उन्हें बताया कि वह अपने भाई को ₹19,800 नकद भेज रहा है और नोमान उसके खाते में उतनी ही राशि ऑनलाइन ट्रांसफर कर दें। इसी बीच नोमान का एक पड़ोसी उनके कियोस्क सेंटर पर पहुंचा। ठग ने इस पड़ोसी को अपना भाई बताया। पड़ोसी ने नोमान की बात ठग से करवाई, जिसके बाद नोमान ने ठग के खाते में ₹19,800 यूपीआई (UPI) के माध्यम से ट्रांसफर कर दिए। पैसे ट्रांसफर करने के बाद जब नोमान ने पड़ोसी से नकद राशि मांगी, तो पड़ोसी ने बताया कि वह स्वयं नोमान से नकद लेने आया था। दरअसल, पड़ोसी भी उसी ठग के झांसे में आकर नोमान के पास पहुंचा था। इस प्रकार नोमान शेख ऑनलाइन धोखाधड़ी का शिकार हो गए। धोखाधड़ी का शिकार होने के तुरंत बाद, पीड़ित नोमान शेख ने जिला बुरहानपुर की साइबर सेल में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस अधीक्षक देवेंद्र पाटीदार के निर्देश पर, साइबर सेल टीम ने शिकायत को गंभीरता से लेते हुए तत्काल नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) पर वित्तीय धोखाधड़ी की शिकायत दर्ज की। साइबर सेल प्रभारी प्रीतम सिंह ठाकुर, आरक्षक दुर्गेश पटेल, सत्यपाल बोपचे, ललित चौहान और शक्तिसिंह तोमर ने विभिन्न बैंकों के साथ लगातार समन्वय स्थापित किया। टीम के त्वरित और प्रभावी प्रयासों के परिणामस्वरूप, धोखाधड़ी की गई ₹19,800 की राशि को सफलतापूर्वक होल्ड कर लिया गया। सभी कानूनी और तकनीकी प्रक्रियाएं पूरी करने के बाद, यह राशि पीड़ित नोमान शेख के बैंक खाते में सुरक्षित रूप से वापस जमा कर दी गई।


