मप्र हाई कोर्ट ने पुलिस के रिटायर कर्मचारी की याचिका पर सुनवाई करते हुए मप्र शासन का आवेदन खारिज कर दिया। कर्मचारी ने याचिका में प्रदेश के मुख्य सचिव सहित अन्य आला अधिकारियों को पक्षकार बनाया। मध्य प्रदेश शासन की की ओर से आवेदन दिया गया कि मुख्य सचिव ने इस मामले में कोई आदेश पारित नहीं किया गया। उन्हें प्रकरण में अनावश्यक पक्षकार बनाया गया है। हाई कोर्ट ने आवेदन को खारिज करते हुए कहा- मुख्य सचिव प्रदेश की नौकरशाही के मुखिया होते हैं। उनके अधीनस्थ अधिकारी कैसा काम कर रहे हैं, ये उन्हें मालूम होना चाहिए। ऐसे में राज्य सरकार को मुख्य सचिव के माध्यम से पक्षकार बनाकर ठीक किया गया है। दरअसल, याचिका के माध्यम से महावीर सिंह भदौरिया ने ग्रेच्युटी, रिटायरल ड्यूज सहित अन्य लाभ देने की मांग की है। वे 30 नवंबर 2011 को रिटायर हुए थे।


