बोकारो के सेक्टर-8ए निवासी ठेका कर्मी जयंत कुमार सिंह के अपहरण-हत्या कांड का घटना के पांचवें दिन पुलिस ने खुलासा कर दिया। इस सनसनीखेज मामले के मुख्य आरोपी बिनोद खोपड़ी को ओडिशा की राजधानी भुवनेश्वर से गिरफ्तार किया गया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि जयंत की हत्या अपहरण के दिन ही कर दी गई थी। 10 दिसंबर की रात जयंत को घर के पास से बुलाकर अगवा किया गया और उसी रात उसकी निर्मम हत्या कर दी गई। पुलिस के अनुसार, इस वारदात में जयंत के ही एक करीबी ने रेकी की थी, जिससे आरोपियों को उसकी गतिविधियों की पूरी जानकारी थी। गिरिडीह की खाई से बरामद हुआ शव, चार का आत्मसमर्पण एसपी हरविंदर सिंह ने बताया कि आरोपी बिनोद खोपड़ी की निशानदेही पर गिरिडीह जिले के पीरटांड़ थाना क्षेत्र स्थित जलेबिया घाटी के पास एक गहरी खाई से जयंत सिंह का शव बरामद किया गया। हत्या के बाद पहचान छिपाने के उद्देश्य से शव को पहाड़ी इलाके में फेंक दिया गया था। पुलिस दबाव के बाद इस कांड में शामिल चार अन्य आरोपी दिव्यांशु, आनंद, संजय सिंह और संजय कुमार ने गिरिडीह थाने में आत्मसमर्पण कर दिया है। पुलिस अन्य आरोपियों की तलाश में लगातार छापेमारी कर रही है। मोबाइल पर विवाद बना हत्या की वजह पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि अपहरण से पहले बिनोद खोपड़ी और जयंत के बीच मोबाइल पर किसी बात को लेकर मामूली बहस हुई थी, जिसके बाद बिनोद ने जयंत को धमकी दी थी। इधर, मृतक की पत्नी अमृता सिंह ने उपायुक्त को ज्ञापन सौंपकर बिनोद खोपड़ी पर सेल की जमीन पर अवैध कब्जा करने और वहां असामाजिक गतिविधियां संचालित करने का आरोप लगाया है। उन्होंने अवैध अतिक्रमण हटाने और आरोपियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। प्रशासन का कहना है कि सभी बिंदुओं पर जांच की जा रही है। नया मोड़ चौक पर फूटा गुस्सा, आरोपी को फांसी की मांग जयंत सिंह की हत्या की खबर सामने आते ही बोकारो में जनआक्रोश उबाल पर आ गया। आक्रोशित लोगों ने नया मोड़ चौक जाम कर दिया और विनोद खोपड़ी को फांसी दो के नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों ने आरोपी को फांसी, सेक्टर-6 स्थित उसके कार्यालय को ध्वस्त करने और जयंत की पत्नी को मुआवजा देने की मांग की। हालांकि प्रदर्शन के दौरान स्कूल बसों और एंबुलेंस को रास्ता लोगों ने दिया। पुलिस-प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रित करते हुए भरोसा दिलाया कि दोषियों को कानून के तहत कड़ी सजा दिलाई जाएगी।


