सिंगरौली जिले में शहर के प्रमुख पार्कों और चौराहों के सौंदर्यीकरण और रखरखाव की जिम्मेदारी अब जिले में कार्यरत बड़ी कंपनियों को सौंपी जाएगी। यह फैसला स्वच्छ भारत मिशन के तहत स्वच्छता रैंकिंग में सुधार और शहर की सुंदरता बढ़ाने के उद्देश्य से लिया गया है। इस संबंध में कलेक्टर गौरव बैनल ने कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए हैं। स्वच्छता के साथ सुंदरता पर भी जोर बैठक के दौरान कलेक्टर गौरव बैनल ने कहा कि किसी भी शहर की पहचान केवल साफ-सफाई से नहीं, बल्कि उसकी सुंदरता से भी होती है। इसी सोच के तहत यह नई पहल की जा रही है। प्रमुख पार्क और चौराहे होंगे शामिल इस योजना में जुड़वा तालाब पार्क, मल्हार पार्क, चाचा नेहरू पार्क, कलेक्ट्रेट परिसर स्थित पार्क सहित शहर के अन्य प्रमुख पार्क और चौक-चौराहों को शामिल किया गया है। बड़ी कंपनियों को दी जाएगी जिम्मेदारी पार्कों और चौराहों के रखरखाव के लिए जिले में कार्यरत कोयला उत्पादक कंपनियों के साथ-साथ रिलायंस पावर, अडानी पावर, एनटीपीसी और अन्य बड़ी औद्योगिक इकाइयों को जोड़ा जाएगा। कंपनियां पार्कों और चौराहों की नियमित साफ-सफाई, हरियाली विकसित करने, लाइटिंग व्यवस्था, बैठने की सुविधा और सौंदर्यीकरण से जुड़े कार्य करेंगी। जिला प्रशासन करेगा निगरानी पूरे कार्य की निगरानी जिला प्रशासन द्वारा की जाएगी ताकि गुणवत्ता बनी रहे और योजनाएं सही ढंग से लागू हों। प्रशासन का मानना है कि निजी और सरकारी कंपनियों की सहभागिता से रखरखाव की गुणवत्ता बेहतर होगी और शहर अधिक आकर्षक दिखाई देगा। स्वच्छता रैंकिंग में सुधार का लक्ष्य इस पहल से सिंगरौली की स्वच्छता रैंकिंग में सुधार होने की उम्मीद है, साथ ही नागरिकों को बेहतर सार्वजनिक स्थल मिल सकेंगे। पार्कों और चौराहों के बेहतर रखरखाव से आम नागरिकों को घूमने, बैठने और समय बिताने के लिए साफ और सुंदर स्थान मिलेंगे। कलेक्टर ने कहा कि प्रशासन चाहता है कि सिंगरौली स्वच्छ और सुंदर शहर के रूप में एक नई पहचान बनाए।


