मानसा में जिला परिषद और पंचायत समिति चुनाव में आम आदमी पार्टी (AAP) और शिरोमणि अकाली दल का दबदबा रहा। जिले की 11 जिला परिषद सीटों में से AAP ने 7 पर जीत हासिल की, जबकि शिरोमणि अकाली दल (शिअद) ने 4 सीटों पर कब्जा जमाया। कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) जिला परिषद में अपना खाता भी नहीं खोल पाईं। जिले की इन 11 जिला परिषद सीटों पर शिअद और AAP के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली। कांग्रेस मुकाबले में काफी पीछे रह गई। AAP ने जहां बहुमत हासिल किया, वहीं शिअद ने भी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई। पंचायत समिति चुनावों की बात करें तो, जिले की कुल 86 पंचायत समितियों में से AAP के खाते में 37 सीटें आईं। शिरोमणि अकाली दल ने 33 सीटें जीतीं, जबकि कांग्रेस को 12 सीटों पर ही संतोष करना पड़ा। ब्लॉक समिति जोन फता मालोका में भाजपा ने एक सीट पर जीत दर्ज की, वहीं तीन सीटों पर निर्दलीय उम्मीदवारों ने बाजी मारी। कांग्रेस की आपसी गुटबाजी हार का कारण मानसा जिले में कांग्रेस की आपसी गुटबाजी को उसकी बड़ी हार का मुख्य कारण माना जा रहा है। इसके विपरीत, शिरोमणि अकाली दल ने इन चुनावों में अच्छा प्रदर्शन किया। आम आदमी पार्टी के विधायक डॉ. विजय सिंगला ने अपनी पार्टी की जीत पर खुशी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि जिला परिषद और ब्लॉक समिति चुनावों में ‘आप’ ने अच्छी जीत हासिल की है। जिन समितियों पर उनकी हार हुई है, वहां हार की समीक्षा की जाएगी और लोगों के जनादेश को स्वीकार किया जाएगा। शिरोमणि अकाली दल के हलका इंचार्ज प्रेम कुमार अरोड़ा ने कहा कि लोगों ने शिअद को बड़ी जीत दिलाई है, जो पार्टी अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल पर जनता के भरोसे को दर्शाता है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि 2027 में पंजाब में शिरोमणि अकाली दल की सरकार बनेगी, क्योंकि जिला परिषद और पंचायत समिति चुनावों में पार्टी को बड़ी सफलता मिली है। AAP नेता चुशपिंदरबीर चहल बोड़ावाल जोन से जीते आम आदमी पार्टी के यूथ नेता चुशपिंदरबीर सिंह चहल ने बोड़ावाल जोन से शिरोमणि अकाली दल (शिअद) के जिला अध्यक्ष बलवीर सिंह बीरोके को हराया है। इसके बाद चुशपिंदरबीर सिंह चहल ने मानसा में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान मतदाताओं का धन्यवाद किया। चहल ने कहा कि उन्होंने विकास और भरोसे के नाम पर वोट मांगे थे, जिसके परिणामस्वरूप उन्हें बड़ी जीत मिली है। उन्होंने बताया कि लोगों की कई समस्याएं हैं और इन समस्याओं को दूर करने के लिए अब कड़ी मेहनत की जाएगी। उन्होंने यह भी बताया कि मुख्यमंत्री भगवंत मान ने उन्हें टिकट देकर चुनाव मैदान में उतारा था। चहल ने अपनी टीम के साथ मिलकर कड़ी मेहनत की और सरकार के विकास कार्यों को लोगों तक पहुंचाया, जिसके कारण उन्हें यह जीत मिली। चहल ने स्पष्ट किया कि मानसा जिले में आम आदमी पार्टी के भीतर कोई गुटबाजी नहीं है। उन्होंने कहा कि पंचायत समिति की कम सीटों पर पार्टी के वरिष्ठ नेता चर्चा करेंगे।


