क्रिकेट कोच से मारपीट, परिजनों ने की एसपी से शिकायत:टीकमगढ़ में आरोपियों के नाम बताए, एफआईआर दर्ज गिरफ्तारी की मांग

टीकमगढ़ के नया बस स्टैंड पर क्रिकेट कोच विनय प्रताप सिंह के साथ हुई मारपीट के मामले में गुरुवार को उनके परिजन एसपी दफ्तर पहुंचे। परिजनों ने पुलिस को घटना में शामिल अन्य आरोपियों के नाम बताए। उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कर तत्काल गिरफ्तारी की मांग की। फोन पर अपशब्द कहने, जान से मारने की धमकी देने का आरोप विनय प्रताप के परिजनों ने बताया कि 14 दिसंबर को जब विनय सागर में थे, तब उन्हें टीकमगढ़ निवासी शिवाजी नायक का फोन आया था। कॉल पर शिवाजी नायक ने उन्हें अपशब्द कहे और टीकमगढ़ पहुंचने पर जान से मारने की धमकी दी। परिजनों के अनुसार, इस कॉल की डिटेल उनके पास मौजूद है। अगले दिन, 15 दिसंबर को विनय सागर से टीकमगढ़ आए। अर्पित खरे ने विनय के आने की जानकारी शिवाजी नायक को दी। इसके बाद शिवाजी ने अविनाश रजक से संपर्क कर कथित तौर पर मारपीट की योजना बनाई। क्रिकेट कोच के साथ बस स्टैंड पर हुई मारपीट विनय प्रताप ने पुलिस को बताया कि जब वह बच्चों के साथ टीकमगढ़ बस स्टैंड पर उतरे, तो छोटू सेन, कृष्णकांत रैकवार, प्रियांशु रजक, रोहित घोष और 2-3 अन्य लोग गाड़ियों से आए। उन्होंने विनय को पकड़कर बस स्टैंड के अंदर ले जाने की कोशिश की। जब विनय ने छूटने का प्रयास किया, तो छोटू सेन ने उन्हें अपशब्द कहते हुए जान से मारने की धमकी दी। छोटू सेन ने विनय के सिर पर लोहे के बके से दो बार वार किया। कृष्णकांत ने लोहे की रॉड से उनके बाएं घुटने पर मारा, जबकि रोहित घोष ने डंडे से मारपीट की, जिससे विनय के दोनों हाथों में चोटें आईं। परिजनों की FIR दर्ज करने की मांग विनय प्रताप ने कहा कि अगर बीच-बचाव नहीं किया गया होता, तो उनकी जान जा सकती थी। परिजनों ने एक बार फिर घटना में शामिल सभी आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर उनकी गिरफ्तारी की मांग दोहराई है।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *