मुरैना की गल्ला मंडी में बुधवार दोपहर धान की बोली को लेकर किसान और व्यापारियों के बीच विवाद हो गया। मामला इतना बढ़ गया कि एक किसान लाठी लेकर मंडी पहुंच गया। स्थिति बिगड़ती देख व्यापारियों ने पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने स्थिति को संभाला, इसके बाद मंडी प्रबंधन और एसडीएम भी मौके पर पहुंचे। जानकारी के अनुसार परीक्षा गांव निवासी किसान दिवाकर सिंह तोमर तीन दिन पहले अपनी धान की फसल लेकर गल्ला मंडी पहुंचा था। सोमवार को धान की बोली 2800 रुपए प्रति क्विंटल लगाई गई थी। मंगलवार को यही बोली घटकर 2300 से 2400 रुपए रह गई। कीमत में अचानक गिरावट से नाराज किसान ने आपत्ति जताई और बोली बंद कराने की बात कही। इसी बात को लेकर किसान और व्यापारियों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। लाठी लेकर मंडी पहुंचा किसान, बोली रुकी
विवाद के दौरान किसान लाठी लेकर व्यापारियों को डराने लगा, जिससे मंडी में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। इस दौरान कुछ समय के लिए धान की बोली भी रुक गई। व्यापारियों ने तुरंत पुलिस को बुलाया, जिसके बाद हालात काबू में आए। एसडीएम ने ली व्यापारियों से बैठक
घटना की सूचना मिलते ही एसडीएम भूपेंद्र सिंह कुशवाहा मंडी पहुंचे और व्यापारियों से चर्चा की। बैठक में यह बात सामने आई कि किसान द्वारा लाठी लेकर आना अन्य किसानों को उकसाने जैसा था। एसडीएम ने किसान की पहचान कर नियमों के तहत कार्रवाई के निर्देश दिए। किसान का आरोप, प्रशासन का जवाब
किसान का कहना है कि उसकी फसल की कीमत जानबूझकर कम लगाई जा रही थी और व्यापारियों पर जबरन धान लेने का दबाव बनाने का आरोप भी लगाया। वहीं एसडीएम भूपेंद्र सिंह कुशवाहा ने बताया कि मंडी में धान की आवक अधिक है और दाम भी बाजार के अनुसार दिए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि विवाद फैलाने और बोली रुकवाने की कोशिश करने वाले किसान पर कार्रवाई की जाएगी। मंडी में व्यवस्था बहाल
पुलिस और प्रशासन के हस्तक्षेप के बाद मंडी में स्थिति सामान्य हुई और दोबारा व्यापार शुरू कराया गया। अधिकारियों ने साफ किया कि मंडी में अनुशासन बनाए रखना सभी के हित में है और किसी भी तरह की अव्यवस्था बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


