नरसिंहपुर जिले के करेली में शनिवार को स्टेट हाईवे–22 पर करेली शुगर मिल के पास गन्ने से लदी ट्रालियों की लंबी कतारों के कारण लगभग दो किलोमीटर लंबा जाम लग गया। इससे यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। जाम के कारण पिछले तीन दिनों से अपनी ट्रालियों के साथ लाइन में फंसे किसान आक्रोशित दिखे। किसानों ने बताया कि शुगर मिल में गन्ने की तुलाई में देरी हो रही है, जिससे उन्हें लंबा इंतजार करना पड़ रहा है। प्रबंधन पर भेदभाव के आरोप किसान प्रतीक शर्मा ने मिल प्रबंधन पर भेदभाव का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि मिल का “अपना गन्ना” या फैक्ट्री से जुड़ी ट्रालियां बिना इंतजार के खाली हो जाती हैं, जबकि किसानों को तीन-तीन दिन तक लाइन में रोका जाता है। शर्मा ने यह भी आरोप लगाया कि शून्य किलोमीटर दूरी के बावजूद किसानों से प्रति ट्रॉली 26 रुपए भाड़ा वसूला जा रहा है। किसानों ने मांग की कि फैक्ट्री से जुड़ी सभी ट्रालियों, ट्रकों और हार्वेस्टरों के लिए एक समान व्यवस्था लागू की जाए। किसानों का कहना है कि गन्ने से सरकार को करोड़ों रुपए का राजस्व मिलता है, फिर भी उनकी स्थिति में सुधार नहीं हो रहा है। जाम के दौरान किसान प्रशासनिक अधिकारियों के आने का इंतजार करते रहे, लेकिन खबर लिखे जाने तक कोई जिम्मेदार अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। स्थानीय लोगों और यात्रियों ने बताया कि इस अव्यवस्था से उनकी रोजमर्रा की आवाजाही बाधित हो रही है।


