जयपुर में मजदूर संगठनों ने विकसित भारत–गारंटी फॉर रोज़गार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण) [VB–GRAMG] बिल, 2025 का कड़ा विरोध किया है। संगठनों ने इस विधेयक को रद्द करने और महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोज़गार गारंटी अधिनियम (MGNREGA) को बहाल करने की मांग की है। जयपुर स्थित पिंकसिटी प्रेस कल्ब में सोमवार को सामाजिक कार्यकर्ता अरुणा राय, निखिल डे सहित अन्य लोगों ने प्रेसवार्ता कर VB–GRAMG बिल, 2025 को पलायन को बढ़ावा देने वाला बताया। अरुणा राय बोलीं- 125 दिन रोजगार देने की सरकार की बात महज छलावा अरुणा ने राय ने कहा- इस बिल में 125 दिन रोजगार देने की सरकार की बात महज छलावा है। उन्होंने कहा- इस कानून के तहत केंद्र सरकार जहां चाहेगी वहीं यह कानून चलेगा। केंद्र सरकार राज्य सरकार को जितना पैसा देगी उतना ही काम होगा। इसमें 60/ 40 का रेशो होगा। यानि केंद्र सरकार सिर्फ 60% राशि देगी, जबकि राज्य सरकार को 40 प्रतिशत राशि देनी होगी। जबकि सभी को पता है कि राज्य सरकारों की आर्थिक स्थिति कैसी है। उन्होंने कहा- इस कानून से चुनिंदा लोगों को ही रोजगार दिया जाएगा, जिससे राजस्थान के कई इलाकों में पलायन की स्थिति बनेगी। जनप्रतिनिधियों से मनरेगा बहाली की करेंगे मांग उन्होंने साफ किया कि मजदूर संगठन इसके लिए लगातार आंदोलन कर रहे है। शुरुआती दौर में हमारे द्वारा वार्ड मेंबर से लेकर एमपी तक इस कानून को रद्द करने की मांग की जाएगी। साथ ही जन प्रतिनिधियों से अनुरोध किया जाएगा कि वे भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर विकसित भारत–गारंटी फॉर रोज़गार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण) [VB–GRAMG] बिल, 2025 को रद्द करने और महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोज़गार गारंटी अधिनियम (MGNREGA) को बहाल करने की मांग करें। ‘नरेगा नहीं, तो वोट नहीं’ का नारा दिया निखिल डे ने कहा- यदि जनप्रतिनिधि ऐसा नहीं करते है तो ‘नरेगा नहीं, तो वोट नहीं’ का नारा दिया जाएगा। जो हमारी रोजी रोटी छिनेगा हम उसकी गद्दी खाली करेंगे। उन्होंने कहा- 26 दिसंबर को ग्राम सभा के दौरान VB–GRAMG बिल को रद्द करने और मनरेगा को बहाल करने की मांग की जाएगी। 26 जनवरी तक लगातार इसके विरोध में पूरे राजस्थान में विरोध प्रदर्शन जारी रहेंगे। 2 फरवरी को मनाया जाएगा शोक दिवस अरुणा राय ने कहा- 2 फरवरी को जब मनरेगा को 20 साल पूरे होंगे, उस दिन पूरे राजस्थान में शोक दिवस मनाया जाएगा। ये शोक सभा पूरे राजस्थान में ब्लॉक स्तर से लेकर जिला स्तर पर आयोजित की जाएगी। उन्होंने कहा सरकार जब तक मनरेगा को बहाल नहीं कर देती हमारा आंदोलन जारी रहेगा। सरकार के सामने ये रखी मांगे


