सिटी एंकर वर्तमान समय में युवा बाइक चलाते समय हेलमेट लगाने से बचते हैं और हादसों में जान तक गंवा बैठते हैं। ऐसे में पुलिस महकमा में सीआईडी सीबी का एक कांस्टेबल पिछले 8 सालों से साइकिल चलाते समय भी हेलमेट लगाता है। उसका उद्देश्य बिना हेलमेट दुपहिया वाहन चालकों को जागरूक कर हादसों में उनकी जान बचाना है। सीआईडी सीबी बीकानेर रेंज सेल में ड्राइवर कांस्टेबल बस्तीराम बिश्नोई पिछले 8 सालों से साइकिल पर ऑफिस आते-जाते हैं। बाजार या अन्य स्थानों पर भी ज्यादातर साइकिल ही इस्तेमाल करते हैं। रोजाना करीब 15 किमी साइकिल चलाते हैं और इस दौरान सिर पर हेलमेट जरूर लगाते हैं। उनका उद्देश्य बिना हेलमेट दुपहिया वाहन चलाने वालों को जागरुक करना और हादसों में उनकी जान बचाना है। बाइक या स्कूटी सवार को जब कभी बिना हेलमेट देखते हैं तो उन्हें समझाते भी हैं। वर्तमान में राज्य सरकार की ओर से 13 दिसंबर से 27 दिसंबर तक सड़क सुरक्षा अभियान चलाया जा रहा है। ऐसे में साइकिल चलाते समय भी हेलमेट लगाने वाले कांस्टेबल दुपहिया वाहन चालकों के लिए प्रेरणादायक हैं। कांस्टेबल बस्तीराम वर्ष, 99 में पुलिस महकमे में भर्ती हुए और वर्तमान में सीआईडी सीबी दीपक शर्मा के ड्राइवर हैं। आंखों के सामने बाइक सवार की हादसे में हुई मौत ने झकझोरा कांस्टेबल बस्तीराम बताते हैं कि वर्ष, 18 में उनकी आंखों के सामने बिना हेलमेट लगाए बाइक सवार का हादसा हुआ और उसकी मौत हो गई। पीबीएम अस्पताल के सामने एक युवक बिना हेलमेट बाइक चला रहा था। अचानक संतुलन बिगड़ा और गिर गया। हेलमेट नहीं होने के कारण सिर में चोट लगी और बेहोश हो गया। उसे पीबीएम अस्पताल ले जाया गया जहां से एयरलिफ्ट कर दिल्ली के वेदांता अस्पताल भेजा गया। इलाज के दौरान ही उसकी मौत हो गई। आंखों के सामने हुई इस घटना ने झकझोर कर रख दिया और तब से साइकिल चलाते समय भी हेलमेट लगाना शुरू कर दिया जिससे कि दुपहिया वाहन चालक हेलमेट की उपयोगिता समझें।


