मंगलवार को डिंडोरी में मध्य प्रदेश बिजली विभाग के पेंशनर्स मोर्चा ने मुख्यमंत्री के नाम तहसीलदार आर.पी. मार्को को ज्ञापन सौंपा। इसमें पेंशन संरक्षण और भुगतान के लिए निर्धारित नियमावली के अनुपालन की मांग की गई है। मोर्चा के संरक्षक जीपी रैकवार ने बताया कि राज्य शासन और संबंधित छह बिजली कंपनियां पेंशनर्स के पेंशन संरक्षण और भुगतान की निर्धारित नियमावली का पालन नहीं कर रही हैं। इसके कारण पेंशनरों को नियमानुसार पेंशन संरक्षण का लाभ नहीं मिल पा रहा है, जिससे उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पेंशनर्स ने पेंशन भुगतान की गारंटी न होने और नियम विरुद्ध कम दर पर तथा देरी से महंगाई भत्ता मिलने पर आपत्ति जताई। उन्होंने मांग की कि पेंशनरों का जीवन यापन ठीक तरीके से हो सके, इसके लिए उचित व्यवस्था की जाए। उन्होंने विद्युत प्रदाय अधिनियम 1948 की धारा 79(सी) का हवाला दिया, जिसके अनुसार सेवानिवृत्ति के बाद पेंशन का प्रावधान है। पेंशनर्स ने उत्तर प्रदेश राज्य की तर्ज पर मध्य प्रदेश में भी पेंशनर्स को गारंटी दिए जाने की मांग की। पेंशनर्स का कहना है कि पेंशन, महंगाई भत्ता और राहत का भार किसी भी कंपनी या राज्य शासन पर नहीं आता है, लेकिन शासन लगातार घोषित दरों को प्रभावित कर रहा है। ज्ञापन सौंपते समय प्रीतम परस्ते, सी.एल. चौकसे, पी.के. जैन, एच.एस. पाण्डेय, दादू सिंह मरावी, आर.के. पचौरी सहित कई अन्य पेंशनर्स मौजूद थे।


