किशनगढ़बास बाईपास पर खड़ी एक कार में शव मिलने के मामले में परिजनों ने दो युवकों के खिलाफ मामला दर्ज करवाकर हत्या की आशंका जताई है। मृतक की पहचान गुरुग्राम जिले में पटौदी तहसील के जाटोली गांव निवासी दीपक (38) पुत्र महावीर प्रसाद के रूप में हुई है। मृतक के भाई संदीप पुत्र महावीर प्रसाद ने किशनगढ़बास थाना पुलिस को दी रिपोर्ट में बताया कि दीपक 18 दिसंबर 2025 को अपनी वेगनआर कार से घर से निकला था। उसके साथ गांव के ही अरुण पुत्र नेतराम राजपूत और देशराज पुत्र रामफल राजपूत भी थे, जिन्होंने कार किराए पर ली थी। इसके बाद दीपक घर वापस नहीं लौटा। संदीप के अनुसार, उन्होंने 19 दिसंबर से 22 दिसंबर तक गुरुग्राम की पटौदी तहसील स्थित हेली मंडी पुलिस चौकी में भाई की गुमशुदगी दर्ज कराने का प्रयास किया, लेकिन इस दौरान कोई एफआईआर दर्ज नहीं की गई। इसी बीच, 22 दिसंबर को किशनगढ़बास थाना पुलिस से उन्हें सूचना मिली कि दीपक का शव उसकी ही कार में किशनगढ़बास बाईपास पर खड़ा मिला है। परिजनों ने आरोप लगाया है कि अरुण और देशराज ने ही दीपक की हत्या की है। उन्होंने मामले की निष्पक्ष और गहन जांच की मांग की है। संदीप ने बताया कि 22 दिसंबर को शाम 3 बजकर 11 मिनट पर उनके मोबाइल पर एफआईआर दर्ज होने का मैसेज प्राप्त हुआ। पुलिस के अनुसार, परिवादी की तहरीर पर BNS 2023 की धारा 103(1) व 3(5) के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। मामले की जांच एसएचओ बनवारीलाल (सीआई) द्वारा की जा रही है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। मृतक दीपक अपने पीछे 13 वर्षीय पुत्र अभिषेक (कक्षा 8) और 11 वर्षीय पुत्री यशिका (कक्षा 6) को छोड़ गए हैं।


