दमोह के हटा में संचालित बालिका छात्रावासों का मंगलवार रात जिला शिक्षा अधिकारी (डीईओ) ने निरीक्षण किया। यह कार्रवाई छात्राओं के कलेक्टर हेल्पलाइन पर दर्ज कराई गई शिकायतों के बाद की गई। डीईओ एसके नेमा अपनी पांच सदस्यीय टीम के साथ मौके पर पहुंचे और छात्राओं की समस्याएं सुनीं। कस्तूरबा गांधी बालिका छात्रावास, हटा में विभिन्न ग्रामीण क्षेत्रों की छात्राओं ने एक महीने पहले कलेक्टर हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराई थी कि उनसे हॉस्टल में खाना बनवाया जाता है, जबकि रसोइया नियुक्त हैं। कलेक्टर सुधीर कोचर ने जांच के निर्देश दिए थे। कर्मचारियों और छात्राओं से अलग-अलग बातचीत की कलेक्टर के निर्देश पर गठित पांच सदस्यीय टीम ने मंगलवार रात सबसे पहले एमएलबी स्कूल का निरीक्षण किया। इसके बाद टीम ने छात्रावास पहुंचकर जांच की। जांच करने पहुंची टीम में जिला शिक्षा अधिकारी एसके नेमा के साथ विकासखंड शिक्षा अधिकारी और अन्य अधिकारी शामिल थे। टीम ने छात्रावास कर्मचारियों और छात्राओं से अलग-अलग बातचीत कर मामले की पड़ताल की। जिला शिक्षा अधिकारी एसके नेमा ने बताया कि यह कलेक्टर के निर्देश पर किया गया एक नियमित निरीक्षण था। छात्राओं ने कुछ समस्याएं बताई थीं, जिनका मौके पर ही निराकरण कर दिया गया। उन्होंने यह भी बताया कि प्राचार्य किसी कारण से वार्डन को बदल रहे थे, लेकिन उन्हें यथावत रहने के निर्देश दिए गए हैं। डीईओ ने आश्वासन दिया कि अब छात्राओं को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होगी।


