गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज, सवाई माधोपुर में नेशनल मेडिकल कमीशन (एनएमसी) के दिशा-निर्देशानुसार डॉक्टर टीचर्स के लिए तीन दिवसीय बीसीएमई (Basic Course in Medical Education) ट्रेनिंग वर्कशॉप का आयोजन किया गया। यह ट्रेनिंग वर्कशॉप 22 से 24 दिसम्बर तक मेडिकल कॉलेज परिसर में आयोजित की गई। कार्यशाला का आयोजन मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. बी.पी. मीणा व पूर्व प्रिंसिपल डॉ. पंकज कुमार गुप्ता के मार्गदर्शन और मेडिकल एजुकेशन यूनिट (एमईयू) के तत्वावधान में किया गया। 30 प्रोफेसरों ने लिया हिस्सा इस वर्कशॉप में गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज कोटा, बूंदी, बाड़मेर, पाली और सवाई माधोपुर से आए कुल 30 प्रोफेसरों ने भाग लेकर प्रशिक्षण प्राप्त किया। कार्यक्रम का निरीक्षण नेशनल मेडिकल कमीशन द्वारा नियुक्त ऑब्जर्वर डॉ. शैशव सोमानी, प्रोफेसर एवं विभागाध्यक्ष, फिजियोलॉजी विभाग, राजकीय आयुर्विज्ञान महाविद्यालय, भीलवाड़ा द्वारा किया गया। मेडिकल एजुकेशन यूनिट के समन्वयक डॉ. मनीष जैन (आचार्य एवं विभागाध्यक्ष, पीएसएम) के नेतृत्व में एमईयू टीम के सदस्य डॉ. सुनीता मीणा, डॉ. जयश्री चौधरी, डॉ. कंचन गुप्ता, डॉ. अंशुल यादव, डॉ. नेहा सैनी, डॉ. अजय गुप्ता, डॉ. श्यामलाल मीणा एवं डॉ. लक्ष्मण मीणा ने मेडिकल शिक्षा में आधुनिक अध्यापन पद्धतियों, मूल्यांकन तकनीकों और नवाचारों पर विस्तृत सत्रों के माध्यम से मार्गदर्शन किया। कार्यशाला में सहभागी डॉक्टर्स शिक्षकों के साथ मेडिकल शिक्षा की गुणवत्ता सुधार, छात्र-केंद्रित शिक्षण, आकलन की नवीन प्रणालियों तथा सीखने के परिणामों को प्रभावी बनाने पर विचार-विमर्श किया गया। विशेषज्ञों ने बताया कि इस प्रकार की नवीन शिक्षण प्रणाली मेडिकल छात्रों में शिक्षा की गुणवत्ता एवं दक्षता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।


