शहर में पार्सल पहुंचाने वाले स्विग्गी इंस्टामार्ट के डिलीवरी कर्मचारियों ने बीटी तिराहे पर धरना प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने फील्ड मैनेजर इंद्रभान सिंह पर तानाशाही और शोषणपूर्ण रवैया अपनाने का आरोप लगाया है। रोजाना 18 घंटे की ड्यूटी धरना दे रहे कर्मचारियों का कहना है कि उनसे प्रतिदिन 17 से 18 घंटे तक काम कराया जाता है, जबकि प्रति पार्सल केवल 15 रुपए का भुगतान होता है। इससे उन्हें दिनभर में लगभग 450 रुपए ही मिल पाते हैं। कर्मचारियों के अनुसार, इस कमाई में से लगभग 220 रुपए पेट्रोल पर खर्च हो जाते हैं, जिससे उनके हाथ में मात्र 230 रुपए बचते हैं। यह राशि मजदूरी से भी कम है। काम से निकालने की धमकी कर्मचारियों ने बताया कि पहले प्रति पार्सल 5 रुपए अतिरिक्त दिए जाते थे, जिसे कंपनी ने बंद कर दिया है। वर्तमान में करीब 65 कर्मचारी सुबह 6 बजे से रात 12 बजे तक काम कर रहे हैं। इसके बावजूद फील्ड मैनेजर द्वारा नई भर्तियां की जा रही हैं। कर्मचारियों का आरोप है कि जब उन्होंने इसका विरोध किया तो उन्हें काम से निकालने की धमकी दी गई। प्रदर्शनकारी कर्मचारियों ने कंपनी प्रबंधन से अपनी समस्याओं के समाधान, कार्य समय और भुगतान में सुधार तथा संबंधित अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। वे एक वर्ष से अधिक समय से कंपनी में सेवाएं दे रहे हैं।


