भास्कर न्यूज । बेमेतरा ग्राम कंड़रका में छेर-छेरा पुन्नी पर मेला का आयोजन किया गया था। जिसमें पूर्व विधायक आशीष छाबड़ा शामिल हुए। कार्यक्रम में तीन लाख की लागत से बने ज्योति कक्ष का लोकार्पण भी किए। उन्होंने कहा कि छेरछेरा का पर्व छत्तीसगढ़ की संस्कृत विरासत का पर्व है। छत्तीसगढ़ में यह त्यौहार सभी ओर मनाया जाता है। इस दिन लोग छेरछेरा मांगने वाले को दान में रुपए, धान, चावल का दान करते हैं। यह एक पारंपरिक उत्सव है, जो पूर्णिमा को मनाया जाता है। छत्तीसगढ़ के ग्रामीण अंचलों में लोग गांव में घर-घर जाकर लोगों से भंडार में रखे ताजा चावल दान के रुप में मांगते हैं। कहा कि आपसी सौहार्द्रता का यह पर्व छत्तीसगढ़ में समृद्धि का प्रतीक है। रामेश्वर देवांगन, यशोदा निषाद, चंदू यादव, मनोज निषाद, विनोद परगनिहा, सूर्यकांत परगनिहा, सपन शर्मा, रोहित शर्मा, खेलन यादव, डम्पी महाराज, दयाराम यादव सहित ग्रामीण शामिल रहे।


