सागर के रहली के मैनाई में दो बेटों के साथ मां का शव घर में फंदे पर झूलता मिला। मामले में मृतका के परिवार वालों ने ससुराल पक्ष पर गंभीर आरोप लगाए हैं। रजनी के भाई ने अपने जीजा राजेश लोधी पर आरोप लगाते हुए कहा कि जीजा के अपनी ही भाभी के साथ संबंध थे। बहन को इसकी जानकारी लग गई थी। इसी बात को लेकर दोनों के बीच आए दिन विवाद होता था। विवाद में जीजा राजेश, बहन के साथ गाली-गलौज कर मारपीट करता था। पति की प्रताड़ना ही बहन और उसके दो मासूम बेटों के मौत का कारण बनी। हमें संदेह है कि सुसराल पक्ष ने ही बहन और उनके दोनों बेटों की हत्या की है, क्योंकि जब हम घर पहुंचे तो तीनों के शव जमीन पर रखे हुए थे। मामले में ससुराल पक्ष से बात करने की कोशिश की गई। लेकिन उन्होंने बात नहीं की। दैनिक भास्कर इस दर्दनाक घटना को जानने के लिए गांव पहुंची और परिवार से बात की, पढ़िए रिपोर्ट… पहले पढ़िए घटनाक्रम
ग्राम मैनाई में गुरुवार रात मां और दो बेटों के शव घर के कमरे में फंदे पर झूलते मिले। मृतक के जेठ ब्रजेश पिता गोपी लोधी निवासी मैनाई ने पुलिस को बताया था कि गुरुवार रात करीब 8 बजे मैं और मेरा छोटा भाई राजेश लोधी खेत में सिंचाई करने गए थे। रात करीब 9.45 बजे वापस लौटकर आए। हम दोनों अपने-अपने कमरों में गए। राजेश कमरे में घुसते ही चिल्लाया। मैं दौड़कर उसके कमरे में पहुंचा। जहां देखा कि मेरी बहू रचना पति राजेश लोधी (32), भतीजा ऋषभ लोधी (5) और राम लोधी (2) अलग-अलग फंदों पर झूल रहे हैं। तत्काल दोनों ने रस्सियां काटकर उन्हें फंदे से नीचे उतारा, लेकिन तब तक तीनों की मौत हो चुकी थी। उन्होंने आत्महत्या जैसा कदम क्यों उठाया, परिवार को इसकी जानकारी नहीं है। एफएसएल टीम ने वारदात स्थल से जुटाए साक्ष्य
घटनाक्रम की सूचना मिलते ही पुलिस ने जांच शुरू की। एफएसएल टीम ने घटनास्थल से वारदात से जुड़े साक्ष्य जुटाए हैं। मां और बेटों के शव कच्चे घर में बने कमरे में लगी म्यारी से लटके थे। उनकी लंबाई नापी गई। उसके ठीक नीचे पलंग रखा था। आसपास सामान रखा था। पुलिस ने जांच करने के बाद कमरे को सील किया है। मृतका का संयुक्त परिवार, एक ही घर में साथ रहते थे
मृतक रचना के पति राजेश लोधी तीन भाई थे। राजेश सबसे छोटा है। बड़े भाई देवेंद्र लोधी का निधन करीब डेढ़ साल पहले हो चुका है। उनकी पत्नी, एक बेटा और तीन बेटियां घर में रहती हैं। मंझले भाई ब्रजेश लोधी अपनी पत्नी, एक बेटा और एक बेटी के साथ रहते हैं। मां प्रयागरानी भी घर में रहती हैं। पिता गोपी सिंग लोधी खेत पर बने मकान में रहते हैं। घटना के समय राजेश और भाई ब्रजेश लोधी खेत पर थे। परिवार के अन्य सदस्य अपने-अपने कमरों में थे। मृतक रचना अपने दोनों बेटों के साथ अपने कमरे में थी। जीजा के भाभी से संबंध, इसलिए मारपीट करता था
कांसल पिपरिया निवासी मृतका के भाई रविंद्र लोधी ने आरोप बताया कि बहन ने सुसाइड नहीं किया है, उसकी हत्या की गई है। डेढ़ साल से घर में तनाव चल रहा था। जीजा के बड़े भाई की मौत करीब डेढ़ साल पहले बीमारी के कारण हो गई थी। जीजा राजेश के भाभी के साथ संबंध हो गए थे। इसकी जानकारी रचना को लगी, उसने परिवार के लोगों को बताया। मामले की जानकारी मिलने पर कई बार समझाइश देने का प्रयास किया। बैठकर बात की और समझाइश दी, लेकिन बात संभल नहीं पाई। उन्होंने अपने कुकर्म छिपाने के लिए बहन और उसके बच्चों की हत्या कर दी। घटना से एक दिन पहले रचना की बड़े पापा से बात हुई थी, तब हम लोग खुरई में पारिवारिक कार्यक्रम में गए थे। वापस लौटकर ससुराल आने का बोला था, लेकिन गुरुवार रात फोन पर बताया गया कि रचना ने बच्चों के साथ फांसी लगा ली है। जानकारी मिलते ही मौके पर पहुंचे, जहां शव जमीन पर रखे हुए थे। उन्होंने बताया कि रचना और बच्चों ने फांसी लगाई है। शव हम लोगों ने नीचे उतार लिए थे। भाई ने मामले की जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई कर सजा दिलाने की मांग की है। हमारे साथ रहीं, वो सुसाइड नहीं कर सकती
भाभी प्रियांशी लोधी ने कहा कि ननद रचना हम लोगों के साथ रही हैं। हम उनको अच्छे से जानते थे, वो सुसाइड नहीं कर सकती हैं। उनकी हत्या की गई है। उन्होंने ननदोई के संबंध के बारे में बताया था। घटनाक्रम का मुख्य कारण यही है। आए दिन ननदोई उनके साथ गाली-गलौज कर मारपीट करते थे। वह घर से खेत जाने का बोलकर निकलते थे, लेकिन वह घर में ही रहते थे। यदि ऐसा हम लोगों को कुछ पता होता तो ननद रचना को घर ले आते। शरीर पर थे लाल-नीले निशान रचना के भाई ने आरोप लगाते हुए कहा कि जब हम लोग घर पहुंचे थे तो बहन रचना और बच्चों के शव जमीन पर थे। परिवार की महिलाओं ने बहन के शव को देखा तो पीठ, पैर पर लाल-नीले निशान थे। शव देखकर ऐसा लग रहा था कि रचना के साथ मारपीट की गई है। शरीर पर मिले निशानों के वीडियो भी बनाए हैं। परिवार ने हत्या आरोपों के पीछे बताए ये कारण गांव में पसरा सन्नाटा, दूसरे पक्ष ने साधी चुप्पी
घटनाक्रम के बाद से मैनाई गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है। गांव के लोग मामले को लेकर कुछ नहीं बोल रहे हैं। वहीं, मृतका रचना के ससुराल पक्ष के लोग भी कुछ भी कहने से बच रहे हैं। मामले को लेकर रचना के जेठ ब्रजेश लोधी को बार-बार फोन लगाया गया, लेकिन उन्होंने रिसीव नहीं किया। गांव पहुंचकर उनसे बात करने की कोशिश की गई। लेकिन घर पर वे मिले नहीं। रविवार को बरमान जाने की बात कही गई। लेकिन फोन लगाया तो उन्होंने रिसीव नहीं किया। सूत्रों के अनुसार, घटना दिनांक की सुबह मृतका रचना और उनके पति राजेश लोधी के बीच विवाद हुआ था। इस दौरान बड़ा बेटा स्कूल जा रहा था। कहासुनी होने के बाद से ही घर में तनावपूर्ण माहौल था। मृतका के शरीर पर मिले निशान हाइपोस्टैसिस
शवों का पोस्टमॉर्टम करने वाले डॉक्टर बसंत नेमा ने बताया कि शवों का पीएम किया गया है। पीएम रिपोर्ट जल्द पुलिस को सौंप दी जाएगी। मृतका के शरीर पर जो निशान होना बताए जा रहे हैं, सामान्य तौर पर वह हाइपोस्टैसिस के कारण हो जाते हैं। बॉडी लंबे समय तक रखी रहे तो इस तरह के निशान पड़ जाते हैं। एसडीओपी ऑफिस में पहुंचकर परिजन ने शिकायत की मामले को लेकर मृतका रचना के मायके पक्ष के लोगों ने रहली एसडीओपी कार्यालय पहुंचकर शिकायत की। उन्होंने एसडीओपी प्रकाश मिश्रा से मुलाकात कर मामले से जुड़े तथ्यों को बताया। साथ ही उन्होंने मृतका रचना के पति राजेश और उनकी भाभी के संबंधों के बारे में पुलिस को जानकारी दी। उन्होंने मामले की जांच कर ससुराल पक्ष पर कार्रवाई करने की मांग की है।


