रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव में 40 से अधिक उद्योगपति शामिल बड़ी संख्या में निवेष के प्रस्ताव मिले
शहडोल/अनूपपुर। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने शहडोल के इंजीनियरिंग कॉलेज में आयोजित सातवीं रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव का शुभारंभ किया। मुख्यमंत्री ने समारोह में प्रदेश के अलग-अलग स्थानों में 572 करोड़ रूपये के लागत की 30 औद्योगिक ईकाईयो का वर्चुअल माध्यम से लोकार्पण और भूमिपूजन किया। मुख्यमंत्री ने उद्योगपतियों को उद्योगों की स्थापना के लिए भूमि आबंटन के स्वीकृत प्रस्ताव प्रदान किए। मुख्यमंत्री ने शासकीय इंजीनियरिंग कॉलेज शहडोल में बी-टेक की नई ब्रंाच खोलने और अनूपपुर में बायपास निर्माण की घोषणा की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश मे अब तक आयोजित रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव से 4 लाख करोड़ रूपये के निवेश के प्रस्ताव मिले है। इनसे 3 लाख लोगो को रोजगार के अवसर मिलेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि शहडोल संभाग खनिज और वन सम्पदा से भरपूर क्षेत्र है। अमरकंटक मॉ नर्मदा और सोन जैसी पवित्र नदियों का उद्यगम है। यहां उद्योगों के विकास की अपार संभावनाएं है। शहडोल में रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव में 5 हजार से अधिक उद्यमी शामिल हुए। खनिज और ऊर्जा के क्षेत्र में यहां कई बड़े प्रस्ताव मिले हैं। उद्योगपतियों को उनका उद्यम स्थापित करने के लिए पूरा सहयोग दिया जाएगा। हम जब दो लोगो का भला करते हैं तो अपने को धन्य मानते हैं। उद्योगपति तो हजारों का भला कर रहे हैं। आपका शौर्य उद्योग के क्षेत्र में वैसा ही है जैसा युद्ध विजेता सेनापति का होता है।
अगले 5 वर्षो में बदलेगी तस्वीर
मुख्यमंत्री ने कहा कि शहडोल क्षेत्र कुछ कारणों से विकास की दौड़ में पीछे छूट गया था, अब शहडोल चकाचैंध होने वाला है। अगले पांच सालों में संभाग के तीनांे जिलों का भाग्य बदल जाएगा। उद्योगों में निवेस के माध्यम से पूरे क्षेत्र में समृद्धि आयेगी। प्रदेश में औद्योगिक निवेश के माध्यम से हम पांच सालों में प्रदेश की जीडीपी को दुगना करेंगे। शहडोल मंे रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव में 32 हजार करोड़ के निवेश के प्रस्ताव मिले हैं। यह बहुत ही सफल रही है अब इस पूरे क्षेत्र का तेजी से विकास होगा। देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में देश तेजी से विकास कर रहा हैै। हम विश्व की 11वीं अर्थव्यवस्था से विश्व की 5वीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन गए हैं। बड़े उद्योगोे के साथ छोटे स्टार्टअप भी विकास में बड़ा योगदान दे रहे हैं। उद्योगपति सही मायने में दूसरों के लिए जी रहे हैं। और सर्वे भवन्तु सुखिनः की भावना को चरितार्थ कर रहे है।
शहडोल संभाग के लिए ऐतिहासिक दिन
समारोह में उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि आज का दिन शहडोल के लिए ऐतिहासिक दिन है। जो कान्क्लेव इंन्दौर और भोपाल में आयोजित होती थी उस रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव के आयोजन ने लोगों को रोमांचित कर रहा है। इस क्षेत्र पर भगवान की विशेष कृपा से खनिज और प्राकृतिक संसाधन के अपार भंडार हैं। यह क्षेत्र कई कारणों से विकास की दौड़ में कुछ पीछे रह गया था अब यहां तेजी से विकास होगा। प्रदेश के यशश्वी मुख्यमंत्री जी के नेतृत्व में हरित क्रान्ति के बाद अब प्रदेश में पर्यटन और औद्योगिक क्षेत्र में क्रान्ति हो रही है। शहडोल को विकास के नए अवसर देने के लिए मैं मुख्यमंत्री जी का यहां का प्रभारी मंत्री होने के नाते हृदय से आभार व्यक्त करता हूं। समारोह में कुटीर एवं ग्रामोद्योग मंत्री दिलीप जायसवाल ने कहा कि शहडोल में रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव के आयोजन के लिए मुख्यमंत्री जी का हृदय से आभार है। यहां औद्योगिक निवेश से रोजगार के नए अवसर मिलेंगे। संभाग में पर्याप्त मात्रा में उद्योगांे के लिए जल, जमीन, जन और जंगल हैं। यहां के परिश्रमी लोगों को आपके उद्योगों को उंचाई तक ले जाने के लिए अवसर मिलेंगे। मुख्यमंत्री जी के नेतृत्व में पूरा प्रदेश औद्योगिक निवेश की राह पर तेजी से कदम आगे बढ़ा रहा है। समारोह में प्रमुख सचिव राघवेन्द्र सिंह ने अतिथियों का स्वागत करते हुए प्रदेश में औद्योगिक विकास के विभिन्न आयामों की जानकारी दी। समारोह में सचिव एमएसएमई प्रियंका दास ने लघु उद्यम तथा औद्योगिक निवेश नीति के संबंध में विस्तार से जानकारी दी। समारोह में प्रमुख सचिव खनिज उमाकांत उमराव, सचिव आईटी आशीष वशिष्ट, अतिरिक्त सचिव पर्यटन विदिशा मुखर्जी ने औद्योगिक निवेश से जुड़े विभागीय नीतियों और संभावनाओं की जानकारी दी। साथ ही मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने वीडियों कान्फ्रेंसिग के माध्यम से इंदौर, उज्जैन, सागर सहित अन्य संभागों के उद्यमियों से संवाद किया। मुख्यमंत्री का समारोह स्थल में परंपरागत लोक नृत्य गुदुम बाजा से स्वागत किया गया। समारोह में सांसद शहडोल हिमाद्री सिंह, सांसद सीधी डॉ राजेश मिश्रा, विधायक जयसिंहनगर मनीषा सिंह, विधायक जैतपुर जयसिंह मरावी, विधायक ब्यौहारी शरद कोल, अध्यक्ष कोल विकास प्राधिकारण रामलाल रौतेल, अन्य जनप्रतिनिधि, कमिश्नर शहडोल सुरभि गुप्ता, कलेक्टर शहडोल, उमरिया एवं अनूपपुर तथा बड़ी संख्या में उद्योगपति उपस्थित रहे।
कोयला, ऊर्जा और इस्पात में निवेश के मिले प्रस्ताव
शहडोल मंे आयोजित रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव का मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने शुभारंभ किया। कानक्लेव में शामिल 40 से अधिक उद्योगपति ने निवेश के कई प्रस्ताव दिए। कॉन्क्लेव में उद्योगपतियों ने मध्यप्रदेश की औद्योगिक संवर्धन नीति की प्रशंसा की। टोरेन्ट पॉवर लिमिटेड के वाइस प्रेसीडेंट नवीन कुमार सिंह ने कहा कि प्रदेश की निवेश नीति उद्योगपतियों के अनुकूल है। यहां तय समय सीमा में सभी तरह के प्रस्तावों को मंजूरी दी जा रही है। प्रदेश में पर्याप्त बिजली पानी और अधोसंरचना की सुविधाएं उपलब्ध हैं। टोरेन्ट पॉवर लिमिटेड आधुनिक तकनीक पर आधारित थर्मल पॉवर प्लांट लगाने जा रहा है। इससे 1 हजार व्यक्तियों को रोजगार मिलेगा। नवकरणी ऊर्जा के क्षेत्र में भी हम निवेश करेंगे। मध्यप्रदेश निवेश की दृष्टि से आदर्श राज्य है। कार्यक्रम में उद्योगपति हर्ष त्रिवेदी ने कहा कि हमनें मध्यप्रदेश में 50 करोड़ रूपये के निवेश से उद्यम शुरू किया था। इसे प्रदेश की उद्योग हितैषी नीति के कारण हमने 350 करोड़ के निवेश तक पहुचाया है। हम अब 500 करोड़ का निवेश करेगे। मध्यप्रदेश में अच्छी सड़कें, रेलमार्ग और अन्य सुविधाएं उद्योगपतियों को निवेश के लिए आकर्षित कर रही हैं। जिस प्रदेश में कभी बिजली की कमी थी अब वह दूसरे राज्यों को बिजली दे रहा है। यहां बड़ी संख्या में प्रशिक्षित श्रमिक और तकनीशियन हैं। मध्यप्रदेश शीघ्र ही देश के विकसित राज्यो में शुमार होगा। समारोह में रिलायंस एनर्जी के रवि कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री जी ने संभागों में रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव का आयोजन करके साहसी कदम उठाया है। यह छोटे और बड़े दोनों निवेशकों के लिए बड़ा अवसर दे रहा है। रिलायंश ने शहडोल में नेचुरल गैस पर आधारित उद्योग 20 वर्ष पहले स्थापित किया था इसमें 6 हजार करोड़ का निवेश करके शहडोल से फूलपुर उत्तरप्रदेश तक 250 किलोमीटर तक गैसपाईप लाईन बिछाई गई है। यह पूरा क्षेत्र गैस आधारित उद्योगों की स्थापना के लिए सबसे अनुकूल क्षेत्र है। समारोह में उद्योगपति कमलकिशोर शारदा ने कहा कि हम शहडोल क्षेत्र में कोयले पर आधारित स्टील का प्लांट लगाने जा रहे हैं साथ ही नवकरणी ऊर्जा एवं थर्मल पॉवर में भी हम निवेश करेंगे। उद्योगांे की स्थापना से इस पूरे क्षेत्र में खुशहाली आएगी। हम क्षेत्र के किशानों को हाईब्रिड बीज उत्पादन का प्रशिक्षण देकर क्षेत्र की खेती को भी बेहतर करने का प्रयास करेंगे। समारोह में उद्योगपति नरेन्द्र गोयल ने कहा कि हम शहडोल क्षेत्र में 3 हजार करोड़ का निवेश करके सरिया बनाएंगे। हमनें यहां कोल ब्लाक लिया है जिसमें शीघ्र उत्खनन होगा। समारोह ने अन्य उद्योगपतियों ने भी निवेश के आकर्षक प्रस्ताव दिए।
शहडोल अनूपपुर रिंग रोड के निर्माण की मुख्यमंत्री ने की घोषणा
संभागीय मुख्यालय शहडोल में आयोजित प्रदेश की 7 वीं रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव के अवसर पर आयोजित पत्रकार वार्ता को सम्बोंधित करते हुए प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बताया कि 32 हजार करोड़ रूपये के निवेश के प्रस्ताव प्राप्त हुए है। ये प्रस्ताव खनिज, नवकरणीय ऊर्जा, पर्यटन, स्टील प्लांट, कृषि एवं उद्यानिकी क्षेत्रों से संबंधित है। औद्योगिक इकाइयोें के स्थापित होने से 30 हजार से अधिक लोगों को रोजगार मिलेगा। इस अवसर पर प्रदेश शासन के उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल, सांसद शहडोल संसदीय क्षेत्र श्रीमती हिमाद्री सिंह और विधायक जयसिंहनगर श्रीमती मनीषा सिंह उपस्थित रहीं। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि शहडोल क्षेत्र में उद्योगों की स्थापना की अपार संभावनाएं है, यह उत्तर प्रदेश, और छत्तीसगढ से समीप है। शहडोल, खनिज संसाधनों से समृद्ध है, जिसमें कोयला, बॉक्साइट, फायर क्ले और ग्रेनाइट प्रचुर मात्रा में उपलब्ध है। यहाँ की वन संपदा और जैव विविधता इसे वन आधारित उद्योगों और औषधीय उत्पादों का प्रमुख केंद्र बनाती है। पर्यटन की दृष्टि से अमरकंटक नर्मदा और सोन नदियों का उद्गम स्थल है। धार्मिक और प्राकृतिक आकर्षण का केंद्र है। उमरिया जिले में बांधवगढ राष्ट्रीय उद्यान, सरसी आइलैंड पर्यटकों को आकर्षित करता है, आज आयोजित इस कॉन्क्लेव में उद्योगपतियों और निवेशकों के साथ किए गए संवाद से यह स्पष्ट हुआ कि क्षेत्र में बड़े पैमाने पर निवेश और उद्योग स्थापित किए जा सकते हैं।
5000 से अधिक लोगों की सहभागिता
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि स्थानीय एमएसएमई को बड़े उद्योगों के साथ साझेदारी करने के अवसर प्राप्त होंगे, जिससे उनकी वृद्धि को बल मिलेगा एवं कुटीर, ग्रामोद्योग को भी इकोसिस्टम में जुड़ने का अवसर मिलेगा। कान्वलेक्व में 5000 से अधिक लोगों ने सहभागिता की। 50 से अधिक विशिष्ठ अतिथि तथा 3000 से अधिक एमएसएमई प्रतिभागियों ने भागीदारी की। जिनमें से अधिकांश ऊर्जा, खनिज, कृषि, उद्यानिकी, खाद्य प्रसंस्करण एवं पर्यटन क्षेत्र के उद्योगपति हैं। साथ ही मध्यप्रदेश में निवेश के लिए रुचि रखते हैं। रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव में उद्योगपतियों ने अपने अनुभव साझा किये। मध्यप्रदेश की अग्रसर औद्योगिक नीति एवं अनुकूल औद्योगिक वातावरण होने के कारण निवेश के निरंतर प्रस्ताव प्राप्त हो रहे हैं जो कि हमारी प्रगतिशील औद्योगिक नीति का प्रत्यक्ष प्रमाण है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव द्वारा 15 से अधिक प्रमुख उद्योगपतियों के साथ वन-टू-वन बैठक की गई। जिसमे टोरेंट पावर, रिलायंस, शारदा एनर्जी, जे.एम.एस. माइनिंग, बजरंग पावर एवं इस्पात आदि प्रमुख उद्योगपति शामिल रहे। रीजनल इण्डस्ट्री कॉन्क्लेव शहडोल में 102 इकाईयों को 401 एकड़ भूमि आवंटित की गई जिसमें 3561 करोड़ से अधिक का पूंजी निवेश एवं 9561 से अधिक व्यक्तियों को रोजगार प्रस्तावित है। रीजनल इण्डस्ट्री कॉन्क्लेव में 30 इकाईयों के भूमि पूजन लोकार्पण किये गये। जिसमें लगभग 572 करोड़ के प्रस्तावित निवेश एवं लगभग 2600 से अधिक व्यक्तियों को रोजगार सृजित होने की संभावना है।
मुख्यमंत्री ने किया लोकार्पण एवं भूमिपूजन
रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव शहडोल में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उप तहसील (टप्पा) कार्यालय भवन चन्नौड़ी, तहसील- जैतपुर, जिला- शहडोल का लोकार्पण राशि 93.40 लाख, औद्योगिक पार्क गोहपारू (दियापीपर) शहडोल का भूमिपूजन किया। यह 16.13 करोड रूपये की लागत से 51 हेक्टेयर भूमि में विकसित किया जाएगा।
मुख्यमंत्री जी द्वारा घोषणा
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने एम.एस.एम.ई इकाइयों के लिए 3 नवीन औद्योगिक क्षेत्र बनाने की घोषणा की है। जिसमें जिला शहडोल के ब्यौहारी तहसील, मऊ ग्राम, में 37.00 एकड़ क्षेत्रफल, जिला उमरिया के चंदिया तहसील, लोढ़ा ग्राम, में 12.00 एकड क्षेत्रफल, जिला अनूपपुर के बरगाँ ग्राम में 11.00 एकड क्षेत्रफल में नवीन औद्योगिक क्षेत्र शामिल है। साथ ही मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने यूआईटी इंजीनियरिंग कॉलेज शहडोल में स्नातक स्तर का बीटेक पाठ्यक्रम, आगामी सत्र से कंप्यूटर साइंस में नई टेक्नोलॉजी एआईएमएल, आईओटी, ड्रोन आदि का समावेश करने, स्नातकोत्तर स्तर का एमटेक पार्टटाइम पाठ्यक्रम, माइनिंग इंजीनियरिंग भी इसी सत्र से प्रारंभ करने की घोषणा की है। इसके साथ ही सेंट्रल वर्कशॉप, ट्रांसिट, हॉस्टल एवं स्पोर्ट्स ग्राउंड भी इंजीनियरिंग कॉलेज परिसर में विकसित करने एवं शहडोल अनूपपुर में रिंग रोड़ के निर्माण की घोषणा की।
प्रदर्शनी का बड़ी संख्या में नागरिकों ने पहुंचकर अवलोकन किया
शहडोल में आयोजित रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव में आयोजित प्रदर्शनी में विभिन्न स्टॉल लगाए गए जो बड़े आकर्षण का केंद्र रहे। रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव में बड़ी संख्या में लोग पहुंचे और इसका अवलोकन भी किया। यहां लोगों को बहुत ही अच्छी जानकारियां भी मिली। कई तरह के अनमोल उत्पाद भी स्टालों में रखे गए थे, जिसे लोगों द्वारा क्रय किया गया। यहां पर आयोजित प्रदर्शनी में एम.बी. पावर एम.पी. लिमिटेड, आई फार्म्स ऑर्गेनिक प्रोडक्ट एल.एल.पी., टाइगर रेस्क्यू ट्रांस लोकेशन उमरिया, खादी एण्ड विलेज इंडस्ट्री बोर्ड, एग्रीकल्चर एण्ड एलाइड के स्टाल भी लगाए गए। यहां ड्रोन से दवा छिड़काव हेतु दी गई अहम जानकारियां। उद्यानिकी विभाग, एम.पी. टूरिज्म रिस्पोन्सेबिल टूरिज्म मिशन, एम.पी. टूरिज्म, जिला मिनिरल फाऊंडेशन शहडोल, एम.एस.एम.ई. दलित इंडियन चेम्बर, फार्मर एण्ड इंडस्ट्री, डी.पी.एम.-एन.आर.एल.एम., मानव जीवन विकास समिति बिजोरी, ओरिएंट पेपर मिल, कटनी बॉक्साइट प्राइवेट लिमिटेड, यूनिवर्सिटी इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी शहडोल द्वारा (डीप सी मीनिंग) का प्रदर्शन किया गया। साउथ ईस्टर्न कोल्ड फील्ड लिमिटेड, बंबू वर्ल्ड, क्राफ्ट जंगल कटनी, मशरूम पाउडर, ब्रिक्स, ए.सी.सी. ब्रिक्स रौगढ़ उमरिया, ड्रेगन फ्लोरा फार्मस आई.एम.एस. माइनिंग प्राइवेट लिमिटेड, बेटी इनोवेशन लिमिटेड, बैगा पेंटिंग, स्व-सहायता समूह की विभिन्न उत्पादों की स्टॉल बड़ी संख्या, संजीवनी आयुर्वेद अमरकंटक, विराट आइल मिल, कुबेर स्व-सहायता समूह शहडोल, स्व-देश एंटरप्राइजेज, आरोग्य आधार, ओडीओपी, एक जिला एक उत्पाद जिला अनूपपुर, संत रविदास हस्तशिल्प एवं हथकरघा विकास निगम शहडोल, एस.के. एग्रो एसोसिएट, मधु-मक्खी पालन शहद उत्पादन, हैण्डलूम हैण्डक्राफ्ट, गोंडी पेंटिंग, सहित अन्य विभागों के अन्य स्टाल लगे थे। आयोजित प्रदर्शनी में बड़ी संख्या में नागरिकों ने पहुंचकर अवलोकन किया वहीं अनेक लोगों ने उत्पादों को खरीदा भी साथ ही कई स्टॉलों में विभिन्न तरह की जानकारियां दी जा रही थी, लोगों ने मिल रही जानकारी की सराहाना भी की।


