एमएलए लैड से सिफारिश के बदले कमीशन मांगने के मामले में बीजेपी की अनुशासन समिति ने खींवसर विधायक रेवंतराम डांगा को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने पहले डांगा को नोटिस दिया था, लेकिन जवाब से संतुष्ट नहीं होने पर यह मामला अनुशासन समिति को भेज दिया। अनुशासन समिति के अध्यक्ष ओंकार सिंह लखावत की अध्यक्षता में हुई बैठक में डांगा को नोटिस जारी करने का निर्णय लिया गया। बैठक में पूर्व सांसद रामकुमार वर्मा, विधायक श्रीचंद कृपलानी और सरोज कुमारी मौजूद रहे। वहीं, पूर्व सांसद नारायण पंचारिया ऑनलाइन जुड़े। लखावत ने बताया कि अनुशासनहीनता से जुड़े मामलों पर चर्चा की गई व अनुशासनहीनता के प्रकरण में आगे की कार्रवाई का निर्णय लिया है। समिति ने डांगा को निर्धारित समय में जवाब देने का निर्देश दिया है। अध्यक्ष नहीं हुए थे जवाब से संतुष्ट
विधायक फंड में कमीशन मांगने के मामले में खींवसर से विधायक रेवंतराम डांगा के जवाब से पार्टी संतुष्ट नहीं हुई थी। बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने कहा था कि हमें विधायक का जवाब मिला, जिससे हम संतुष्ट नहीं है। ऐसे में हमने यह मामला पार्टी की अनुशासन समिति को सौंप दिया है। अनुशासन समिति इस मामले की विस्तृत जांच के बाद रिपोर्ट सौंपेगी, जिस पर हम निर्णय करेंगे। उन्होंने कहा कि हमारे यहां व्यवस्था है, जिसके तहत इस तरह का मामला आने पर हम संबंधित को कारण बताओ नोटिस देते हैं। जवाब आने पर उसकी जांच हमारे स्तर पर की जाती है। जवाब से संतुष्ट नहीं होने पर मामला अनुशासन समिति को सौंपा जाता है, जो तथ्यों के आधार पर मामले की जांच करती है। डील करते कैमरे में हुए थे कैद
तीनों MLA अपने विधायक फंड से विकास कामों की मनचाही सिफारिश करने के नाम पर डील करते हुए कैमरे में कैद हुए थे। मामले में भास्कर के रिपोर्टर ने डमी फर्म का प्रोपराइटर बनकर विधायकों से संपर्क किया और इस भ्रष्टाचार को उजागर किया था।


