गिरिडीह जिले के सरिया प्रखंड अंतर्गत केशवारी चौक पर भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती मनाने को लेकर उपजा विवाद गरमा गया है। मंगलवार को भाजपा कार्यकर्ताओं ने सरिया बाजार से अनुमंडल कार्यालय तक विशाल लाठी मार्च निकाला। यह मार्च प्रतिमा स्थापना के लिए बनाए जा रहे चबूतरे को तोड़े जाने के विरोध में किया गया। भाजपा का आरोप है कि 25 दिसंबर को माल्यार्पण के दौरान प्रशासन ने रोक लगाई थी। इसके बाद देर रात प्रतिमा स्थापना के लिए बनाए जा रहे चबूतरे/गोलंबर को तोड़ दिया गया। पार्टी ने इस कार्रवाई को अलोकतांत्रिक, तानाशाहीपूर्ण और भारत रत्न के सम्मान पर सीधा हमला करार दिया है। मार्च के दौरान भाजपा कार्यकर्ताओं ने प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस दौरान ‘अटल बिहारी वाजपेयी जी का अपमान नहीं सहेगा हिंदुस्तान’, ‘सरिया प्रशासन हाय-हाय’ और ‘सरिया प्रशासन की मनमानी नहीं चलेगी’ जैसे नारों से पूरा क्षेत्र गूंज उठा। भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने कहा कि यह मामला केवल प्रतिमा या गोलंबर तक सीमित नहीं है, बल्कि देश के महान नेता अटल बिहारी वाजपेयी के सम्मान से जुड़ा हुआ है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अटल बिहारी के सम्मान से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा और इस मुद्दे पर भाजपा हर स्तर पर संघर्ष करेगी।


