देवास में दिसंबर के अंतिम दिनों में ठंड का असर बढ़ गया है। बुधवार को सुबह 9 बजे तक कोहरे का असर देखा गया, जिससे दृश्यता काफी कम रही। अधिकतम और न्यूनतम तापमान में एक-एक डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। न्यूनतम तापमान 9 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम 23 डिग्री सेल्सियस रहा। मंगलवार को अधिकतम 24 डिग्री और न्यूनतम 10 डिग्री दर्ज किया गया था। उत्तर भारत से आ रही हवाओं के कारण प्रदेश में ठंड लगातार बढ़ रही है। कृषि वैज्ञानिकों के अनुसार, वर्तमान मौसम फसलों के लिए सामान्य है। हालांकि, यदि पारा 7 डिग्री सेल्सियस से नीचे गिरता है, तो फसलों को नुकसान होने की आशंका है। उन्होंने किसानों को सलाह दी है कि तापमान कम होने पर खेतों में हल्की सिंचाई करें। स्वास्थ्य विभाग की एडवाइजरी बढ़ती ठंड के मद्देनजर, देवास स्वास्थ्य विभाग ने आमजन के लिए शीतघात से बचाव हेतु एडवाइजरी जारी की है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. सरोजिनी जेम्स बेक ने बताया कि शीत लहर का प्रभाव आमतौर पर दिसंबर-जनवरी में होता है, लेकिन यह नवंबर से फरवरी तक भी रह सकता है। मौसम विज्ञान संगठन की चेतावनी मौसम विज्ञान संगठन के अनुसार, वैश्विक तापमान में भिन्नताएं पर्यावरण, स्वास्थ्य, कृषि, पशुधन और आजीविका पर प्रतिकूल प्रभाव डाल रही हैं। शीत ऋतु में शीत-घात से कई स्वास्थ्य समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। लोगों को पर्याप्त गर्म कपड़े पहनने और नियमित रूप से गर्म पेय पदार्थ पीने की सलाह दी गई है।


