मऊगंज जिले में साल 2025 कानून व्यवस्था के लिए चुनौतीपूर्ण रहा, लेकिन पुलिस प्रशासन ने संगठित रणनीति और सख्त कार्रवाई के दम पर स्थिति को काफी हद तक नियंत्रित किया। पुलिस अधीक्षक दिलीप कुमार सोनी के नेतृत्व में मऊगंज पुलिस ने अपराध नियंत्रण, महिला सुरक्षा, ड्रग्स और साइबर अपराध के खिलाफ प्रभावी अभियान चलाकर सकारात्मक परिणाम हासिल किए। पुलिस अधीक्षक दिलीप कुमार सोनी ने बुधवार शाम 6 बजे बताया कि वर्ष 2025 में कानून व्यवस्था बनाए रखना सबसे बड़ी चुनौती थी। इसके बावजूद, पुलिस टीम ने पूरी निष्ठा और समन्वय के साथ काम किया, जिसके परिणामस्वरूप महिला अपराधों, एससी-एसटी प्रकरणों, लूट और डकैती की घटनाओं में उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई। प्रतिबंधात्मक कार्रवाइयों से संभावित अपराधों को भी रोका गया। ड्रग्स तस्करी पर पुलिस का बड़ा प्रहार, 90 आरोपी गिरफ्तार ड्रग्स के खिलाफ चलाए गए विशेष अभियान पुलिस की प्रमुख उपलब्धियों में से एक रहे। अवैध कफ सिरप और गांजा तस्करी पर कड़ा प्रहार करते हुए एनडीपीएस एक्ट के तहत 40 मामले दर्ज किए गए और 90 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। इस दौरान 40 किलोग्राम गांजा, जिसकी कीमत 5.62 लाख रुपए थी, और 11,143 सीसी कोरेक्स, जिसकी कीमत 19.70 लाख रुपए थी, जब्त की गई। तस्करी के वाहनों व मोबाइल जब्त, अवैध शराब पर कार्रवाई तस्करी में इस्तेमाल किए गए 6 दोपहिया और 13 चारपहिया वाहन भी जब्त किए गए, जिनकी कुल अनुमानित कीमत लगभग 1 करोड़ 40 लाख रुपए है। इसके अतिरिक्त, 31 मोबाइल फोन भी बरामद किए गए। अवैध शराब के खिलाफ भी पूरे वर्ष सख्त कार्रवाई की गई, जिसमें 335 मामले दर्ज कर 339 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। कुल 2604 लीटर शराब जब्त की गई, जिसकी अनुमानित कीमत 12.45 लाख रुपए है। 154 गुमशुदा बच्चियों को सुरक्षित परिजनों से मिलाया पुलिस ने मानवीय पहलुओं पर भी विशेष ध्यान दिया। रेस्क्यू अभियानों के तहत देश के विभिन्न हिस्सों से लगभग 154 गुमशुदा बच्चियों को सुरक्षित उनके परिजनों तक पहुंचाया गया। एसपी सोनी ने कहा कि आने वाले समय में मऊगंज पुलिस ड्रग्स, साइबर अपराध और महिला सुरक्षा को लेकर और अधिक सख्त और संवेदनशील रवैया अपनाएगी।


