डिंडोरी में गुरुवार शाम कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया ने अधिकारियों के साथ अमरपुर जनपद पंचायत क्षेत्र के चंद्रागढ़ गांव में बैगा आदिवासियों के बीच रात्रि चौपाल लगाई। इस दौरान ग्रामीणों ने बिजली, पानी और सड़क जैसी मूलभूत समस्याओं से अवगत कराया। प्रशासन ने इन समस्याओं के शीघ्र निराकरण का आश्वासन दिया है। चौपाल में ग्रामीणों ने विशेष रूप से बिजली, पेयजल और सड़क जैसी बुनियादी सुविधाओं की कमी पर जोर दिया। उन्होंने आंगनबाड़ी भवन की समस्या भी बताई, जिस पर कलेक्टर ने संबंधित विभागों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। कलेक्टर ने पीएन आवासों का किया निरीक्षण कलेक्टर ने गांव में निर्माणाधीन प्रधानमंत्री आवासों का निरीक्षण किया। उन्होंने मजदूरों और हितग्राहियों से किश्त के भुगतान, मजदूरी और राशन वितरण के संबंध में जानकारी ली। अधूरे पड़े आवासों को पूरा करवाने के लिए एनआरएलएम प्रबंधक को शासकीय योजनाओं से आर्थिक अनुदान दिलाने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने शिक्षा, स्वास्थ्य, आंगनबाड़ी, पशुपालन, महिला बाल विकास और बिजली जैसी विभिन्न सुविधाओं की समीक्षा की। पेयजल की समस्या को गंभीरता से लेते हुए, उन्होंने पीएचई विभाग को 10 फरवरी तक गांव में पेयजल उपलब्ध कराने का सख्त निर्देश दिया। चौपाल में उठीं वन अधिकार, नामांतरण समस्याएं गंभीर चौपाल में वन अधिकार पत्र और भूमि नामांतरण से संबंधित समस्याएं भी सामने आई। ग्रामीण कमल बैगा ने बताया कि 9 हितग्राहियों को नए वन अधिकार पत्र नहीं मिले हैं, और 19 मृत हितग्राहियों की भूमि का नामांतरण नहीं हुआ है। कलेक्टर ने वन विभाग के अधिकारियों को इस संबंध में निर्देश दिए। साथ ही, तहसीलदार को किसान सम्मान निधि योजना का लाभ दिलाने और ‘धरती आबा योजना’ के तहत ग्राम विकास के प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए गए। इस रात्रि चौपाल में अपर कलेक्टर जेपी यादव, जिला पंचायत सीईओ दिव्यांशु चौधरी, एसडीएम भारती मरावी, सहायक आयुक्त राजेंद्र कुमार जाटव सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।


