भास्कर न्यूज | कवर्धा नववर्ष के प्रथम दिन केंद्रीय पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जनता सिंह शेखावत, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय गुरुवार को भोरमदेव मंदिर पहुंचकर दर्शन-पूजन किया। केन्द्रीय मंत्री ने मेला परिसर में आयोजित सभा को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि संसद सत्र में निर्णय लिया गया है कि अब 100 के बजाय 125 दिन का रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा। यदि सवा सौ दिन में रोजगार नहीं मिलता है, तो मजदूरों को हर्जाने का भी प्रावधान किया गया है। पूर्व में कुछ अधिकारियों की लापरवाही के कारण मजदूरों को समय पर भुगतान नहीं मिल पाता था, जिसे दूर करने के लिए व्यवस्था में सुधार किया गया है। भोरमदेव विकास कार्यों पर उन्होंने कहा कि यह 146 करोड़ रुपये की परियोजना देश के हर नागरिक के योगदान से संभव हुई है। कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित करना अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और जनता सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। भोरमदेव में हो रहे विकास कार्य आने वाले हजार वर्षों तक भारत की सांस्कृतिक पहचान और विरासत की याद दिलाते रहेंगे। इस अवसर पर केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू, पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल, सांसद संतोष पांडेय, विधायक पंडरिया भावना बोहरा, अध्यक्ष छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल नीलू शर्मा सहित अनेक जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि 2014 के बाद से प्रदेश में महत्वपूर्ण बदलाव हुए हैं। अब नए साल में मंदिरों में श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़ यह दर्शाती है कि अटल बिहारी वाजपेयी और पूर्व नेतृत्व के सपनों के अनुरूप छत्तीसगढ़ का समग्र विकास हो रहा है।प्रदेश सरकार का यह प्रयास न केवल धार्मिक स्थलों को सहेजने और विकसित करने का है, बल्कि इससे स्थानीय अर्थव्यवस्था, रोजगार और पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा। इससे बड़ी राहत मिलेगी। अतिथियों ने मंदिर के गर्भगृह में विधिवत पूजा-अर्चना एवं आरती कर प्रदेश की सुख-समृद्धि, खुशहाली और जनकल्याण की कामना की। मुख्यमंत्री एवं केंद्रीय मंत्री के भोरमदेव मंदिर परिसर में आगमन पर पारंपरिक नर्तक दल पुरखा के सुरता द्वारा कर्मा नृत्य प्रस्तुत कर अतिथियों का भव्य स्वागत किया गया। अतिथियों ने परिसर स्थित हनुमान मंदिर, चामुंडा देवी मंदिर और भैरव बाबा मंदिर में भी दर्शन कर आशीर्वाद लिया। अन्य अतिथि भी मौजूद रहे।


