विनय सिंह : मुझे कुछ याद ही नहीं, व्यवसाय से बचाए हुए पैसे लगाए

निलंबित आईएएस अधिकारी विनय कुमार चौबे के मित्र ऑटोमोबाइल कारोबारी विनय सिंह से रिमांड पर सात दिनों की पूछताछ समाप्त हो गई। इसके बाद एसीबी ने शुक्रवार को उन्हें पुन: हजारीबाग के लोकनायक जयप्रकाश नारायण केंद्रीय कारा में भेज दिया है। पूछताछ के दौरान विनय सिंह ने एसीबी को पूरी तरह सहयोग नहीं किया। वह शराब घोटाला, जमीन घोटला व आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के मामले में आरोपी है। एसीबी ने पूछा कि व्यवसाय, जमीन-फ्लैट की खरीदारी के लिए करोड़ों रुपए कहां से आए। लेकिन विनय सिंह ने हर सवाल के जवाब में एक ही बात कही कि मुझे कुछ याद नहीं है। कोरोना काल में डोरंडा में खरीदे गए डेढ़ करोड़ रुपए के फ्लैट के मामले में उसने बताया कि पूर्व में व्यवसाय से की गई बचत के पैसे से उसने फ्लैट खरीदा था। हालांकि, उसने बताया कि विनय चौबे से उसका रिश्ता करीब का था।
श्रवण जालान की बढ़ेगी परेशानी एसीबी ने शुक्रवार को भी टिंबर कारोबारी श्रवण जालान से पूछताछ की। एसीबी ने उससे उसके फर्म श्री राणी सती डेकोर के आय-व्यय से कागजात मांगे थे। लेकिन उसने अब तक ये कागजात उपलब्ध नहीं कराए हैं। अब शो-रूम से अब तक हुए कारोबार को एसीबी खंगालेगी।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *