भास्कर न्यूज | बालोद जिले के 143 केंद्रों में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी जारी है। 15 नवंबर से एक जनवरी तक धान बेचने वाले जिले के 51 हजार 404 किसानों ने कुल 3 हजार 562.4059 हे. रकबा का समर्पण किया है। एक एकड़ में 21 क्विंटल खरीदी की लिमिट तय है। इससे कम धान बेचने किसान सहमत होकर फार्म भरकर समिति में जमा कर रहें है। जिसमें उल्लेख है कि पूरा धान बेच चुके, अब इस सीजन और धान नहीं बेचेंगे। जिसके बाद समिति वाले इन किसानों को रकबा समर्पण श्रेणी मंे काउंट कर सहकारिता विभाग, जिला सहकारी बैंक, जिला प्रशासन, शासन को जानकारी दे रहें है। आगे भी रकबा समर्पण करने वाले किसानों की संख्या बढ़ते क्रम पर रहने की बातें विभागीय अफसर कह रहे है। किसी किसान ने एक एकड़ तो किसी किसान ने 5 से 10 डिसमिल रकबे का समर्पण किया है। जिला सहकारी बैंक के अनुसार अछोली केंद्र में धान बेचने वाले 694 किसानों ने 41.406 हे., अरकार के 394 किसानों ने 2.191 हे., अर्जुंदा के 357 किसानों ने 26.579 हे., अर्जुनी टिकरी के 309 किसानों ने 17 हे., अरमरीकला के 581 किसानों ने 5.31 हे., कोसागोंदी के 320 किसानों ने 2.443 हे., आमाडुला के 165 किसानों ने 66.191 हे., ओड़ारसकरी के 312 किसानों ने 6.456 हे., कुआगोंदी के 239 किसानों ने 45.191 हे. रकबा का समर्पण किया है। कोटागांव केंद्र के 212 किसानों ने 100 हे. रकबा समर्पण किया कोचेरा केंद्र के 349 किसानों ने 34 हे.,कोचवाही के 214 किसानों ने 11 हे., कोटगांव के 271 किसानों ने 6 हे.,कोटागांव के 212 किसानों ने 100 हे.,कोड़ेकसा के 242 किसानों ने 134 हे., कोड़ेवा के 455 किसानों ने 3 हे., कोबा के 323 किसानों ने 10 हे., खुंदनी के 602 किसानों ने 2.78 हे.,खप्परवाड़ा के 503 किसानों ने 13 हे., कन्याडबरी के 225 किसानों ने 28 हे., खामतराई के 263 किसानों ने 20 हे.,खैरकट्टा के 229 किसानों ने 26 हे., खेरथा के 302 किसानों ने 13 हे., खुरसुनी के 465 किसानों ने 20 हे. रकबा का समर्पण किया है। इन केंद्रों मंे किसानों ने रकबा समर्पण करने का निर्णय लिया तरौद के 299 किसानों ने 6 हे.,तवेरा के 311 किसानों ने 12 हे.,रूदा के 231 किसानों ने 8 हे.,दुधली के 340 किसानों ने 13 हे.,दर्रा के 445 किसानों ने 3 हे.,देवरी के 314 किसानों ने 17 हे.,मार्री के 282 किसानों ने 8 हे.,धनेली के 345 किसानों ने 1.696 हे., धनोरा के 327 किसानों ने 4 हे., नवागांव के 231 किसानों ने 23 हे., नाहंदा के 438 किसानों ने 21 हे., निपानी के 349 किसानों ने 2 हे.,पेंड्री के 292 किसानों ने 5 हे., परसतराई के 422 किसानों ने 23 हे., परसदा के 399 किसानों ने 9 हे.,परसोदा के 313 किसानों ने 6 हे., पैरी के 532 किसानों ने 7 हे. रकबा का किया समर्पण। गुंडरदेही की तुलना में गुजरा, गुदुम में ज्यादा रकबे का किया समर्पण गुजरा के 527 किसानों ने 87 हे.,गुंडरदेही के 389 किसानों ने 5 हे.,गुदुम के 298 किसानों ने 110 हे., गैंजी के 646 किसानों ने 123 हे.,गब्दी के 322 किसानों ने 34 हे.,माहुद अ के 228 किसानों ने 31 हे.,गुरेदा के 334 किसानों ने 8 हे., गुरूर के 575 किसानों ने 6 हे., गोड़ेला के 333 किसानों ने 13 हे.,गोरकापार के 398 किसानों ने 5 हे.,सकरौद के 289 किसानों ने 7 हे., घीना के 273 किसानों ने 5 हे.,घोघोपुरी के 215 किसानों ने 1.306 हे.,घोटिया के 255 किसानों ने 26 हे., पटेली के 214 किसानों ने 32 हे.,चेब. नवागांव के 329 किसानों ने 27 हे.,चंदनबिरही के 420 किसानों ने 8 हे.,चिखलाकसा के 345 किसानों ने 162 हे. रकबा का समर्पण किया है।


