शरीर को स्वस्थ रखने के लिए मैग्नीशियम एक अनिवार्य खनिज है, जिसकी कमी आज की भागदौड़ भरी जीवनशैली में एक गंभीर समस्या बन चुकी है। इस विषय पर जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से ईएमसी हॉस्पिटल, अमृतसर ने लोगों को सचेत रहने की अपील की है। अस्पताल के वरिष्ठ नेफ्रोलॉजिस्ट डॉ. चेतन महाजन और डॉ. गुरजोत सिंह ने बताया कि मांसपेशियों में ऐंठन, लगातार थकान, हाथ-पैरों में झनझनाहट, नींद की कमी और दिल की धड़कन का अनियमित होना मैग्नीशियम की कमी के मुख्य लक्षण हैं। यदि समय रहते इसे ठीक न किया जाए, तो यह उच्च रक्तचाप, हृदय रोग, मधुमेह और किडनी से जुड़ी गंभीर समस्याओं का कारण बन सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार, फास्ट फूड का अधिक सेवन, हरी सब्जियों की कमी और शराब की लत इस कमी के प्रमुख कारण हैं। हरी पत्तेदार सब्जियां, दालें, नट्स, बीज और केले को आहार में शामिल कर प्राकृतिक रूप से मैग्नीशियम का स्तर सुधारा जा सकता है। डॉ. चेतन महाजन ने जनता से अपील की कि शरीर के संकेतों को नजरअंदाज न करें, क्योंकि समय पर पहचान और सही खान-पान ही स्वस्थ जीवन का आधार है।


