चंडीगढ़ मौली जागरा इलाके में रविवार देर रात शरारती तत्वों ने जमकर हंगामा किया। 8 कारों को क्षतिग्रस्त कर दिया और उनके शीशे तोड़ दिए। इसमें एक पार्षद की फॉर्च्यूनर और एक स्कॉर्पियो शामिल है घटना के बाद थाना मौलीजागरां पुलिस को शिकायत दी गई, लेकिन अब तक न तो किसी आरोपी की पहचान हो पाई है और न ही कोई गिरफ्तारी हुई है। इस मामले को लेकर मौलीजागरां के पार्षद और पूर्व डिप्टी मेयर हरजीत सिंह ने सोमवार को चंडीगढ़ के आईजीपी पुष्पेंद्र कुमार से मुलाकात कर लिखित शिकायत दी। उन्होंने मांग की कि शरारती तत्वों पर सख्त कार्रवाई की जाए और इलाके में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की जाए। पहले भी दो बार तोड़ी जा चुकी गाड़ियां पार्षद हरजीत सिंह ने बताया कि मौलीजागरां में यह तीसरी बार वारदात हुई है। इससे पहले भी दो बार वाहनों को नुकसान पहुंचाया जा चुका है। हर बार पुलिस को शिकायत दी गई, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। अब तीसरी बार एक साथ आठ कारों को नुकसान पहुंचाया गया है, जिससे लोगों का गुस्सा और डर दोनों बढ़ गए हैं। लगातार हो रही घटनाओं से इलाके के लोग बेहद परेशान हैं। लोगों का कहना है कि अब वे घर के बाहर गाड़ियां खड़ी करने से डरने लगे हैं। आशंका रहती है कि सुबह उठकर कहीं गाड़ी टूटी हुई न मिल जाए। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर पुलिस रात के समय सही तरीके से गश्त करे तो ऐसी वारदातों पर आसानी से लगाम लगाई जा सकती है, लेकिन फिलहाल ऐसा होता नजर नहीं आ रहा। कुछ दिन पहले प्रशासक से मिले पार्षद हरजीत सिंह ने बताया कि कुछ दिन पहले वह इसी मामले को लेकर चंडीगढ़ प्रशासक गुलाब चंद कटारिया से भी मिल चुके हैं। उस समय बताया गया था कि इलाके में कुछ शरारती तत्व शराब बेचते हैं, नशा करते हैं और देर रात घूमकर वाहनों को नुकसान पहुंचाते हैं। तब जल्द कार्रवाई का भरोसा दिया गया था और चंडीगढ़ के एसपी को भी निर्देश देने की बात कही गई थी, लेकिन जमीनी स्तर पर अब तक कोई असर नहीं दिखा।


