सड़कों पर वाहन चलाने के दौरान यातायात नियमों का उल्लंघन करने वाले पुलिस कर्मियों के उपर भी चालानी कार्रवाई की गई है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक दुर्ग विजय अग्रवाल के स्पष्ट निर्देशों के बावजूद बिना हेलमेट दोपहिया वाहन चलाने वाले पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारियों के विरुद्ध भी कार्रवाई की गई। निरीक्षण के दौरान बिना हेलमेट मिले पुलिसकर्मी
एसएसपी दुर्ग ने पहले ही निर्देश जारी कर दिया था कि पुलिस विभाग के समस्त स्टाफ को यातायात नियमों का पालन करना है। वाहन चलाते वक्त हेलमेट पहनना है। 04 जनवरी को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विजय अग्रवाल द्वारा निरीक्षण एवं निगरानी के दौरान बिना हेलमेट दोपहिया वाहन चलाते हुए कुल 9 पुलिस अधिकारी व कर्मचारी पाए गए। इन सभी के विरुद्ध मोटर व्हीकल एक्ट के तहत चालान की कार्रवाई की गई। सभी के 500-500 रुपए जुर्माना वसूला गया। साथ ही सभी को समझाइश भी दी गई। पहले देखिए ये तस्वीरें इन पुलिस जवानों का कटा चालान
कार्रवाई के दौरान जिन पुलिसकर्मियों के चालान काटे गए उनमें रक्षित केंद्र दुर्ग के प्रधान आरक्षक चालक क्रमांक 1243 सुशील प्रजापति, थाना अंडा के प्रधान आरक्षक क्रमांक 1473 भागवत प्रसाद, थाना रानीरातई के आरक्षक क्रमांक 885 सुनील साहू, थाना दुर्ग के आरक्षक क्रमांक 1645 कमलेश देशमुख, थाना जामुल के आरक्षक क्रमांक 805 पंकज पांडेय, थाना खुर्सीपार के आरक्षक क्रमांक 205 रवि सोनी, थाना भिलाई नगर की महिला आरक्षक क्रमांक 1692 संगीता कोसले, थाना छावनी की महिला आरक्षक क्रमांक 1599 एलिषा तथा महिला थाना दुर्ग की महिला आरक्षक क्रमांक 1313 आशा ठाकुर शामिल हैं। ट्रैफिक नियम का पालन करने वालों को बांटा फूल
वहीं सोमवार को दुर्ग, भिलाई, कुम्हारी क्षेत्र में यातायात पुलिस ने ऐसे वाहन चालक जो दो पहिया वाहन चलाते समय हेलमेट धारण कर एवं चार पहिया वाहन चलाते समय सीट बेल्ट लगाकर वहां चलाते पाए गए उन्हें गुलाब फूल देकर सम्मानित किया गया। ऐसे लोगों को अपने आसपास मित्र परिजनों को भी हेलमेट एवं सीट बेल्ट की महत्व को बताते हुए अधिक से अधिक लोगों को जागरूक करने की शपथ दिलाई गई। दुर्ग जिले में पेट्रोल पंपों पर आदेश का असर खत्म
दुर्ग जिले में जिला और पुलिस प्रशासन की ओर से हेलमेट के बिना पेट्रोल देने पर रोक लगाई गई थी। नियमों के उल्लंघन पर कुछ पेट्रोल पंपों पर कार्रवाई भी की गई थी, लेकिन जिले में अब इस आदेश का पालन पेट्रोल पंप संचालक नहीं कर रहे हैं। ज्यादातर पेट्रोल पंप पर आसानी से बिना हेलमेट पेट्रोल दिए जा रहे हैं।


