डॉ. भीमराव अम्बेडकर स्मृति चिकित्सालय, रायपुर के ऑर्थोपेडिक (अस्थि रोग) विभाग में अब टोटल हिप रिप्लेसमेंट (THR) और टोटल नी रिप्लेसमेंट (TKR) जैसी मॉडर्न सर्जिकल सुविधाएं पहले की तरह फिर से शुरू होगी।इसके शुरू होने से कूल्हे और घुटने की गंभीर बीमारियों से पीड़ित मरीजों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। अस्थि रोग विभागाध्यक्ष डॉ. आर. के. दास ने बताया कि गठिया, आस्टियोआर्थराइटिस, रूमेटॉइड आर्थराइटिस, दुर्घटना या लंबे समय से जोड़ों के दर्द से पीड़ित मरीजों के लिए यह सर्जरी बेहद लाभकारी साबित हो रही है। सर्जरी के बाद मरीज सामान्य जीवन की ओर तेजी से लौट पा रहे हैं और उनकी चलने-फिरने की क्षमता में सुधार हो रहा है। समय पर इलाज की अपील डॉ. दास ने मरीजों से अपील की है कि हिप (कूल्हे) या नी (घुटने) की पुरानी समस्या को नजरअंदाज न करें। समय रहते ऑर्थोपेडिक विभाग की ओपीडी में परामर्श लेकर उचित उपचार कराएं, ताकि बीमारी गंभीर स्थिति तक न पहुंचे। हाल के दिनों में 8 मरीजों की सफल सर्जरी अम्बेडकर अस्पताल के अधीक्षक डॉ. संतोष सोनकर ने बताया कि अस्पताल में टोटल हिप रिप्लेसमेंट और टोटल नी रिप्लेसमेंट की सुविधा पूरी तरह उपलब्ध है। उन्होंने कहा— “मॉडर्न तकनीक, मानक प्रोटोकॉल और अनुभवी चिकित्सकों की टीम द्वारा यह सर्जरी सुरक्षित रूप से की जा रही है। विगत कुछ दिनों में करीब 8 मरीजों की सफल जोड़ प्रत्यारोपण सर्जरी की जा चुकी है।” आयुष्मान योजना से मिल रहा निशुल्क इलाज इन सर्जरी के माध्यम से मरीजों को लंबे समय से चले आ रहे असहनीय दर्द से स्थायी राहत मिल रही है और उनके जीवन की गुणवत्ता में सुधार हो रहा है। शासकीय अस्पताल में यह सुविधा उपलब्ध होने से पात्र मरीजों को आयुष्मान भारत योजना के तहत निशुल्क उच्चस्तरीय इलाज का लाभ मिल रहा है।


