छत्तीसगढ़ के बालोद में होने वाली पहली राष्ट्रीय रोवर-रेंजर जंबूरी को लेकर विवाद बढ़ गया है। भ्रष्टाचार की शिकायत के बाद सांसद बृजमोहन अग्रवाल की अध्यक्षता वाली छत्तीसगढ़ भारत स्काउट्स एंड गाइड्स ने आयोजन स्थगित करने की घोषणा की। इसके कुछ घंटे बाद ही स्काउट्स एवं गाइड्स छत्तीसगढ़ के राज्य मुख्य आयुक्त ने स्पष्ट किया कि स्थगित होने की खबरें भ्रामक हैं। इसका निर्धारित तिथि में ही आयोजन किया जाएगा। इसके लिए 5000 से ज्यादा रोवर-रेंजर पहुंच भी चुके हैं। बता दें कि यह राष्ट्रीय जंबूरी छत्तीसगढ़ में 9 से 13 जनवरी तक बालोद जिले के ग्राम दुधली में पहली बार हो रही है। शेष|पेज 11 भास्कर इनसाइट ऐसे बढ़ा विवाद: कांग्रेस ने EOW से की शिकायत कांग्रेस ने इस आयोजन को लेकर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे। प्रदेश महामंत्री सुबोध हरितवाल ने दस्तावेज के साथ टेंडर प्रक्रिया में गड़बड़ी होने का दावा किया। उन्होंने कहा कि टेंडर खुलने से पहले ही ठेकेदार को काम दे दिया गया। इसमें वित्तीय अनियमितता की आशंका है। कांग्रेस ने जांच के लिए ईओडब्ल्यू में शिकायत भी की। सांसद vs शिक्षा विभाग बगैर सहमति के बदला गया आयोजन स्थल सांसद बृजमोहन अग्रवाल की अध्यक्षता वाली स्काउट्स एंड गाइड्स, छत्तीसगढ़ राज्य परिषद ने जंबूरी स्थगित कर दिया, क्योंकि राज्य कार्यकारिणी एवं राज्य परिषद द्वारा नया रायपुर में आयोजन करने का निर्णय लिया गया था। पर राज्य स्कूल शिक्षा विभाग ने परिषद की मंजूरी और सहमति के बिना आयोजन स्थल बदलकर बालोद कर दिया। इसे स्काउट्स एंड गाइड्स के संविधान, नियमों का उल्लंघन माना गया। बैठक में कहा गया कि शिक्षा विभाग द्वारा स्काउट्स एवं गाइड्स में हस्तक्षेप किया जाना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है। यह भी सामने आया कि वित्त विभाग द्वारा स्वीकृत 10 करोड़ के बजट को सीधे जिला शिक्षा अधिकारी, बालोद के खाते में भेजा गया, जो संस्था के वित्तीय नियमों का उल्लंघन है। इसके बाद बिना विधिवत टेंडर खुले निर्माण कार्य करवाने और टेंडर आमंत्रण करने के आरोपों ने भी आयोजन को संदेह के घेरे में ला दिया।


