लखनऊ के मदेयगंज इलाके में सोमवार सुबह एक युवक झगड़े के बाद पक्के पुल से नदी में कूद गया। युवक को कूदता देख आसपास के लोगों ने पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने गोताखोरों की मदद से शव को बाहर निकलवाया और पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
मदेयगंज कर्बला ढाल निवासी कार्तिक (20) पुत्र अमर ई- रिक्शा चलाता था। परिजनों ने बताया कि सोमवार सुबह करीब 10 बजे कार्तिक कहीं जाने के लिए तैयार हो रहा था। इस दौरान उसने अपनी जेब चेक की तो पैसे नहीं मिले। इस बात को लेकर पिता अमर व मां गौरी से कहासुनी हो गई। इसके बाद मां पक्का पुल के पास स्थित मंदिर में पूजा करने चली गई। कार्तिक भी गुस्से में घरवालों से बिना कुछ बताए निकल गया। कुछ देर बाद कार्तिक पैदल चलता हुआ पुल पर आया। इसके बाद छलांग लगाने के लिए रेलिंग पर चढ़ गया। वहां मौजूद लोगों ने रोकने का प्रयास किया लेकिन तब तक छलांग लगा दिया। घटना के बाद आसपास अफरातफरी मच गई। मौके पर मौजूद लोगों ने पुलिस को सूचना दी। मां मंदिर से निकली तो भीड़ देखकर घटनास्थल पर पहुंची कार्ति की मां करीब 11:30 बजे मंदिर से बाहर निकली तो देखा कि पक्का पुल के पास भीड़ लगी थी। वहां के लोगों से पूछा तो मालूम हुआ कि कोई कूद गया है। तब तक गोताखोरों ने शव बाहर निकाल चुके थे। मां गौरी ने देखा तो वह उसका बेटा कार्तिक था। बेटे का शव देख वह रोते हुए बेसुध होकर गिर पड़ी। कुछ ही देर में परिवार के अन्य लोग आ गए। इंस्पेक्टर मदेयगंज परिवार वाले पोस्टमार्टम करवाने के लिए तैयार नहीं थे। उन्हें समझा- बुझाकर शव का पोस्टमार्टम कराया गया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।


